Pune Rain Hovac: महाराष्ट्र के पुणे जिले में पिछले 4 दिनों से जारी मूसलाधार बारिश ने भारी कहर बरपाया हुआ है। बारिश के कारण शहर के कई इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। जिससे जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। झमाझम बारिश से नदी-नाले उफान पर हैं। सड़कों के साथ ही रिहायशी इलाकों में भी पानी भर गया है। जिससे लोग घर छोड़कर सुरक्षित स्थानों पर जाने को मजबूर हैं। इसके अलावा कई धार्मिक स्थल भी जलमग्न हो गए हैं। वहीं प्रशासन राहत कार्यों में लगा हुआ है।
पुणे में भारी बारिश से बाढ़ जैसे हालात
शांतिनगर और कृष्णानगर ब्रिज बंद
भारी बारिश के कारण मोशी (मोड़ी) नदी का जलस्तर बढ़ गया है। जिसे देखते हुए प्रशासन ने शांतिनगर ब्रिज को एहतियातन बंद कर दिया है। वहीं यरवदा और खेड़की को जोड़ने वाले कृष्णानगर ब्रिज पर भी आवाजाही रोक दी गई है। प्रशासन लगातार जलस्तर पर नजर रखे हुए है।
कृष्णानगर इलाके में घरों में घुसा पानी
बारिश का सबसे ज्यादा प्रभाव कृष्णानगर इलाके में देखने को मिल रहा है। यहां घरों और मकानों में कई फीट तक पानी घुस गया है, बाढ़ जैसी हालात देखते हुए लोग अपने घरों में ताला लगाकर, परिवार के साथ सुरक्षित स्थानों व सरकारी स्कूलों में शरण लेने को मजबूर हो गए हैं। लोगों को इस बात का डर है कि यह तो केवल बारिश का पानी है, अगर बांध से पानी छोड़ा गया तो पूरा इलाका डूब जाएगा।
बांधों से पानी छूटा तो स्थिति होगी और गंभीर
नगर सेवक सुरेंद्र पटारे के अनुसार, इलाके में अभी जो भी जलभराव की स्थिति देखने को मिल रही है वह सिर्फ अत्यधिक बारिश के कारण है। अभी डैम का पानी छोड़ा नहीं गया है, अगर बांधों से पानी छोड़ा जाता है तो हालात और ज्यादा खराब हो सकते हैं। स्थिति को देखते हुए NDRF, पुणे नगर निगम (PMC) और अन्य स्थानीय एजेंसियां राहत और बचाव कार्य में जुटी हुई हैं। संवेदनशील इलाकों में लगातार निगरानी की जा रही है और जरूरत पड़ने पर लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है।
मोरया गोसावी मंदिर पानी में डूबा
लगातार हो रही बारिश से पावना नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। जिससे चिंचवड़ स्थित महाराष्ट्र के प्रसिद्ध मोरया गोसावी मंदिर में पानी पहुंच गया है। जिससे मंदिर परिसर पूरी तरह जलमग्न हो गया है। हालात ऐसे हैं कि मंदिर का केवल ऊपरी कलश ही नजर आ रहा है, जबकि बाकी हिस्सा पानी में पूरी तरह डूब चुका है। मंदिर प्रशासन पानी निकालने की कोशिश में जुटा हुआ है, लेकिन जलस्तर इतना ज्यादा होने के कारण राहत कार्य में मुश्किलें आ रही हैं। महाराष्ट्र के प्रमुख धार्मिक स्थलों में शामिल इस मंदिर में रोजाना बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं।
सिंहगढ़ मार्ग पर बाढ़, आतकरवाड़ी का संपर्क टूटा
पुणे ग्रामीण और पहाड़ी इलाकों में भी मानसून का रौद्र रूप देखने को मिल रहा है। लगातार बारिश के कारण सिंहगढ़ की तलहटी की ओर जाने वाले डोणजे-गोळेवाड़ी मार्ग पर नाले में उफान आ गया है। तेज बहाव के कारण पानी पुल के ऊपर से बह रहा है, जिससे आतकरवाड़ी गांव का संपर्क पूरी तरह टूट गया है। प्रशासन ने लोगों से पुल पार न करने की अपील की है।
बांध क्षेत्रों में भी बढ़ा खतरा
खडकवासला, पानशेत और टेमघर बांध क्षेत्रों में भी लगातार बारिश का सिलसिला जारी है। इससे आसपास के खेतों में पानी भर गया है, इससे फसलों को भी भारी नुकसान होने की आशंका बढ़ गई है। प्रशासन जलाशयों के जलस्तर पर लगातार नजर बनाए हुए है।
रेल यातायात प्रभावित
लगातार बारिश का असर रेल यातायात पर भी पड़ा है। प्रशासन ने लोगों से बेवजह यात्रा से बचने, जलभराव वाले इलाकों से दूर रहने और मौसम विभाग की सलाह का पालन करने की अपील की है। पुणे में स्थिति पर 24 घंटे निगरानी रखी जा रही है।
रत्नागिरी में घर पर हुआ लैंडस्लाइड, आज स्कूलों में छुट्टी
महाराष्ट्र के रत्नागिरी जिले में भी लगातार भारी बारिश हो रही है। जिससे जनजीवन पर गहरा प्रभाव पड़ रहा है। खेड़ तहसील के दहीवली-शेलारवाड़ी में सोमवार रात एक घर पर लैंडस्लाइड हो गया। इस हादसे में घर में कुल तीन लोग फंस गए। जिनमें 75 वर्षीय कल्पना शेलार को ग्रामीणों ने सुरक्षित बचा लिया। लेकिन दो लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका है। पुलिस, राजस्व और आपदा प्रबंधन की टीमें राहत एवं बचाव अभियान में जुटी हैं। दूसरी ओर, लगातार हो रही बारिश और भूस्खलन के खतरे को देखते हुए रत्नागिरी जिले के सभी स्कूलों में आज छुट्टी घोषित की गई है।
गोरेगांव में फ्लाईओवर पर अंडों से भरा ट्रक पलटा
मुंबई के गोरेगांव स्थित MTNL फ्लाईओवर पर मंगलवार तड़के करीब 3 बजे अंडों से भरा एक ट्रक पलट गया। इस हादसे में कोई जनहानि या नहीं हुई, लेकिन लाखों रुपये के अंडे सड़क पर बिखर गए। घटना के बाद यातायात प्रभावित हुआ। प्रशासन ने क्रेन की मदद से ट्रक हटाने और रोड साफ करने का काम शुरू कर दिया।
