Pune Crime News: पुणे में वसूली की एक हैरान कर देने वाली घटना देखने को मिली है, जहां शातिर बदमाशों ने फर्जी फायरिंग की घटना को अंजाम देकर एक सॉफ्टवेयर कंपनी के मालिक से जबरन वसूली की है। इस मामले में पुलिस ने 4 लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। घटना की जानकारी पुलिस ने बुधवार को दी है। पुलिस ने कहा है कि, कोंढवा पुलिस ने शनिवार की रात फर्जी फायरिंग की घटना को अंजाम देने के बाद एक सॉफ्टवेयर कंपनी के मालिक को फंसा कर जबरन वसूली करने के मामले में चार लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
सॉफ्टवेयर कंपनी के मालिक से जबरन वसूली (प्रतीकात्मक तस्वीर)
आरोपियों की पहचान आसिफ खान, फिरयाज पठान, समीर शेख और शाहाबाद खान के रूप में हुई है। पुलिस ने बताया है कि, यह सभी आरोपी पुणे के कोंढवा के रहने वाले हैं। पीड़ित की पहचान संतोष थोराट के तौर पर हुई है, जिसने घटना के मामले में कोंढवा थाने में शिकायत दर्ज कराई है।
पैसे ऐंठने के लिए आरोपियों ने बनाई खास योजना
संतोष थोराट की शिकायत के अनुसार, इस घटना का मुख्य आरोपी आसिफ खान है, जिसने फर्जी फायरिंग की घटना को अंजाम दिया था और मामले में संतोष थोराट को फंसाने की कोशिश की थी। जिसके बाद संतोष थोराट ने पुलिस थाने में संपर्क कर आसिफ खान सहित अन्य तीन के खिलाफ मामला दर्ज करवाया। जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल का दौरा किया और इलाके से सीसीटीवी फुटेज से सबूत इकट्ठा किए। आरोपियों से पूछताछ के दौरान पुलिस को पता चला कि, आसिफ ने पैसे ऐंठने के लिए संतोष थोराट के खिलाफ फर्जी फायरिंग की घटना रची थी।
80 लाख रुपये की वसूली
पुलिस को यह भी पता चला है कि, आसिफ ने थोराट से 80 लाख रुपये की मांग की थी। मामले की जानकारी देते हुए क्राइम ब्रांच यूनिट 5 के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक हेमंत पाटिल ने कहा है कि, आरोपी आसिफ खान पहले से ही एक रिकॉर्ड अपराधी है। उसके खिलाफ औरंगाबाद और चंदन नगर थाने में तीन अलग-अलग आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस को मामले की जांच के दौरान यह भी पाया गया कि, आरोपी आसिफ खान ने पहले संतोष थोराट से 6 लाख रुपये वसूले थे। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है, जिसके आधार पर आगे की कार्रवाई करेगी।
