Pune Conversion Cases: पुणे शहर में पुलिस ने जबरन धर्म परिवर्तन कराने की कोशिश के आरोप में एक नए कानून के तहत ब्रिटेन के एक 'प्रवासी भारतीय नागरिक' (ओसीआई) कार्डधारक समेत दो लोगों के खिलाफ अलग-अलग मामले दर्ज किए हैं। अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी। एक अगस्त को लागू हुए नए कानून 'महाराष्ट्र धर्म स्वतंत्रता अधिनियम' के तहत पुणे में दर्ज किए गए ये पहले दो मामले हैं।
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पहला मामला पांच अगस्त को फुरसुंगी पुलिस थाने में दर्ज किया गया था, जबकि दूसरा नौ अगस्त को खडक पुलिस थाने में दर्ज किया गया। पुलिस उपायुक्त (विशेष शाखा) प्रशांत अमृतकर ने कहा, 'पुणे शहर में महाराष्ट्र धर्म स्वतंत्रता अधिनियम के तहत दो अपराध दर्ज किए गए हैं।'
क्या हैं ये मामले?
उन्होंने बताया कि पहले मामले में, फुरसुंगी पुलिस ने 22 वर्षीय एक युवक के खिलाफ मामला दर्ज किया है, जिसने कथित तौर पर अपनी नाबालिग पत्नी को अपना धर्म परिवर्तन करने के लिए मजबूर किया था। यह मामला उत्तर प्रदेश के रहने वाले एक व्यक्ति की शिकायत के आधार पर दर्ज किया गया था, जिसकी बेटी लापता हो गई थी। मामले में, उत्तर प्रदेश के रहने वाले शिवकुमार रावत की शिकायत पर पुलिस ने एक 22 साल के युवक के खिलाफ मामला दर्ज किया। रावत ने अपनी नाबालिग बेटी के लापता होने की शिकायत की थी। पुलिस ने लड़की का पता तब लगाया जब यह शिकायत मिली कि आरोपी ने उसे अपना धर्म बदलने के लिए मनाने की कोशिश की थी।
पुलिस के मुताबिक, आरोपी और लड़की उत्तर प्रदेश के एक ही गांव के रहने वाले थे और कर्नाटक जाने और बाद में पुणे शिफ्ट होने से पहले ही उनके बीच संबंध बन गए थे। पुलिस का कहना है कि साथ रहने के दौरान उस व्यक्ति ने नाबालिग लड़की पर धर्म बदलने के लिए दबाव डाला था। अब जांच अधिकारी धर्म परिवर्तन की इस कथित कोशिश से जुड़े हालात की जांच कर रहे हैं।
आरोपी पर महाराष्ट्र धर्म की स्वतंत्रता अधिनियम की धारा 3 और 9(2) के साथ-साथ बच्चों को यौन अपराधों से संरक्षण (POCSO) अधिनियम के प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने बताया कि उसे गिरफ्तार कर लिया गया है और वह अभी न्यायिक हिरासत में है।
UK के नागरिक पर केस दर्ज
उन्होंने बताया कि वहीं दूसरे मामले में, ब्रिटेन के मैनचेस्टर निवासी एक ओसीआई कार्डधारक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। उन्होंने बताया कि उस पर धार्मिक सभाओं का इस्तेमाल करके लोगों को ईसाई धर्म अपनाने के लिए प्रलोभन देने का आरोप है। अधिकारियों ने बताया कि UK के नागरिक पर इमिग्रेशन एंड फॉरेनर्स एक्ट, 2025 की संबंधित धाराओं के तहत भी मामला दर्ज किया गया है।
