Patna Metro News: पटनावासियों के लिए ट्रैफिक जाम से मुक्ति और आधुनिक सफर का सपना अब हकीकत के और करीब पहुंच गया है। शहर की रफ्तार को नई उड़ान देने वाली पटना मेट्रो का विस्तार अब अपने अगले बड़े पड़ाव के लिए पूरी तरह तैयार है। इस महीने यानी फरवरी के अंत तक शहर के लोग भूतनाथ से खेमनीचक के बीच करीब 2.75 किलोमीटर लंबे नए रूट पर मेट्रो की सवारी का आनंद ले सकेंगे। हाल ही में बिहार विधानमंडल में पेश की गई आर्थिक सर्वेक्षण रिपोर्ट ने इस बात पर मुहर लगा दी है कि मेट्रो के पहले चरण का एक बड़ा हिस्सा अब आम जनता की सेवा में समर्पित होने वाला है।
पटना मेट्रो को लेकर आया नया अपडेट (फाइल फोटो | X/@PMRCLofficial)
भूतनाथ से खेमनीचक तक का सफर
पटना मेट्रो के पहले कॉरिडोर के विस्तार में अब गिनती के दिन शेष रह गए हैं। भूतनाथ और खेमनीचक स्टेशनों को जोड़ने का तकनीकी कार्य सफलतापूर्वक पूरा हो चुका है। अब बस 'कमिश्नर ऑफ मेट्रो रेल सेफ्टी' (CMRS) की टीम के अंतिम निरीक्षण और हरी झंडी का इंतजार है। इसके तुरंत बाद परिचालन की औपचारिक तारीख का ऐलान कर दिया जाएगा। वर्तमान में यात्री पाटलिपुत्र बस टर्मिनल से भूतनाथ तक का सफर कर रहे हैं, लेकिन फरवरी खत्म होने से पहले ही मलाही पकड़ी और खेमनीचक जैसे स्टेशनों पर भी यात्रियों को चढ़ने-उतरने की आधुनिक सुविधा उपलब्ध होने लगेगी।
जंक्शन बनेगा मेट्रो का 'महा-संगम'
पटना मेट्रो की भविष्य की तस्वीर बेहद भव्य है, जिसमें पटना जंक्शन एक विशाल इंटरचेंज हब के रूप में उभरेगा। हालांकि, जंक्शन पर अंडरग्राउंड स्टेशन के निर्माण में थोड़ा अतिरिक्त समय लगने की संभावना है क्योंकि यहां से मेट्रो की तीन अलग-अलग दिशाओं वाली लाइनें आपस में मिलेंगी। यह स्टेशन उत्तर में आकाशवाणी, उत्तर-पश्चिम में विद्युत भवन और दक्षिण में मीठापुर की एलिवेटेड लाइन को करबिगहिया के रास्ते जोड़ेगा। दूसरी ओर, मोइनुल हक स्टेडियम से पीएमसीएच तक का अंडरग्राउंड निर्माण कार्य लगभग पूरा हो चुका है, जबकि गांधी मैदान और आकाशवाणी जैसे व्यस्त इलाकों में भूमिगत खुदाई का काम तेजी से जारी है।
अगले चरणों की तैयारी और मीठापुर से जुड़ाव
आने वाले समय में पटना मेट्रो का विस्तार जगनपुरा और रामकृष्णा नगर होते हुए मीठापुर तक होगा। अधिकारियों का कहना है कि तीसरे चरण के इस रूट पर सुपर स्ट्रक्चर का काम अब अंतिम दौर में है, जिसके बाद तुरंत ट्रैक बिछाने का काम शुरू किया जाएगा। मलाही पकड़ी से राजेंद्र नगर के बीच भूमिगत निर्माण के लिए भी NOC की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है। जैसे-जैसे मेट्रो के ये छोटे-छोटे हिस्से आपस में जुड़ते जा रहे हैं, पटना की लाइफलाइन का जाल पूरे शहर में फैलने लगा है, जो भविष्य में राजधानी के पब्लिक ट्रांसपोर्ट की पूरी तस्वीर ही बदलकर रख देगा।
