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Muzaffarnagar Encounter: 50 हजार का इनामी बदमाश अमजद ढेर, फायरिंग में छलनी हुई SP की गाड़ी, दारोगा-सिपाही घायल

मुजफ्फरनगर के बुढ़ाना इलाके में आज सुबह पुलिस और बदमाशों के बीच एक भीषण मुठभेड़ हुई, जिसमें 50 हजार का इनामी कुख्यात अपराधी अमजद ढेर हो गया। मुठभेड़ के दौरान बदमाशों ने SP की गाड़ी को निशाना बनाते हुए फायरिंग की, जिसमें वे बाल-बाल बचे। इस ऑपरेशन में एक सब इंस्पेक्टर और एक सिपाही घायल हुए हैं। पुलिस ने मौके से भारी मात्रा में असलहा और एक कार्बाइन बरामद की है।

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घटनास्थल पर पुलिसबल और मौके से मिली कार्बाइन बंदूक

Photo : Times Now Digital

Muzaffarnagar Encounter: मुजफ्फरनगर पुलिस ने आज तड़के एक बड़े ऑपरेशन में वेस्ट यूपी के कुख्यात अपराधी और 50 हजार के इनामी बदमाश अमजद को मार गिराया। बुढ़ाना थाना क्षेत्र के विज्ञाना के जंगलों में हुई इस भीषण मुठभेड़ में बदमाश की गोलियां SP देहात की गाड़ी पर आ लगीं, जिसमें वे बाल-बाल बचे।

गोलियों से टूटा सुबह का सन्नाटा

गुरुवार तड़के, मुजफ्फरनगर की बुढ़ाना पुलिस को सूचना मिली कि शातिर अपराधी अमजद अपने साथी के साथ किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने के लिए विज्ञाना के जंगलों से गुजरने वाला है। पुलिस ने तत्काल घेराबंदी की, लेकिन खुद को घिरा देख बदमाशों ने सरेंडर करने के बजाय ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। आमने-सामने की इस लड़ाई में कई राउंड गोलियां चलीं, जिससे पूरा इलाका गूंज उठा।

SP ग्रामीण की गाड़ी पर हमला, बाल-बाल बची जान

मुठभेड़ कितनी भीषण थी, इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि बदमाशों की गोलियां SP ग्रामीण आदित्य बंसल की सरकारी गाड़ी में जा लगीं। गनीमत रही कि गोली गाड़ी की बॉडी और खिड़की पर लगी, जिससे अधिकारी सुरक्षित रहे। हालांकि, इस साहसी जवाबी कार्रवाई में सब इंस्पेक्टर संदीप चौधरी और सिपाही अशफाक गोली लगने से घायल हो गए। घायल पुलिसकर्मियों को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी स्थिति स्थिर बताई जा रही है।

40 मुकदमों का 'काला इतिहास'

मारे गए बदमाश अमजद का आतंक सिर्फ उत्तर प्रदेश तक सीमित नहीं था। उस पर लूट, हत्या और डकैती जैसे संगीन अपराधों के लगभग 40 मुकदमे दर्ज थे। वह दिल्ली, राजस्थान, बिहार और उत्तराखंड की पुलिस के लिए भी बड़ा सिरदर्द बना हुआ था। एनकाउंटर के बाद पुलिस ने मौके से एक घातक कार्बाइन, एक पिस्तौल और चोरी की बाइक बरामद की है। अमजद का मारा जाना अपराध जगत के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है।

कॉम्बिंग ऑपरेशन जारी

अमजद के ढेर होने के बाद उसका एक साथी अंधेरे और घने जंगलों का फायदा उठाकर भागने में सफल रहा। पुलिस की कई टीमें अब जंगलों में सर्च ऑपरेशन चला रही हैं ताकि फरार बदमाश को भी दबोचा जा सके। मुजफ्फरनगर पुलिस की इस कामयाबी ने अपराधियों के बीच एक कड़ा संदेश दिया है कि 'सिस्टम' को चुनौती देने का अंजाम क्या होता है।

Nishant Tiwari
निशांत तिवारीauthor

निशांत तिवारी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल की सिटी टीम में कॉपी एडिटर हैं। शहरों से जुड़ी खबरों, स्थानीय मुद्दों और नागरिक सरोकार को समझने की उनकी गहरी दृष्टि उन्हें इस बीट का एक भरोसेमंद और प्रभावी कंटेंट राइटर बनाती है। वे जटिल लोकल इश्यूज को सहज, स्पष्ट और असरदार अंदाज में पेश करने में दक्ष हैं और अबतक 2,000 से अधिक न्यूज रिपोर्ट लिख चुके हैं। उनकी लेखन शैली शहर की नब्ज पकड़ते हुए ऐसे कंटेंट पर केंद्रित रहती है, जो सीधे पाठकों के जीवन और उनकी रोजमर्रा की चिंताओं से जुड़ा होता है।

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