MP Rajya Sabha Election: मध्यप्रदेश की सियासत में राज्यसभा चुनाव को लेकर सरगर्मियां तेज हो गई हैं। भाजपा के उम्मीदवार तरुण चुग और रजनीश अग्रवाल ने शनिवार को विधानसभा परिसर पहुंचकर अपने नामांकन पत्र दाखिल कर दिए। इस दौरान मुख्यमंत्री मोहन यादव (CM Mohan Yadav) और पार्टी के कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। सीएम ने नामांकन के बाद पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि राज्यसभा के लिए हमारे दोनों प्रत्याशियों का नामांकन दाखिल हो गया है। तरुण चुग और रजनीश अग्रवाल दोनों विजयी होंगे।
भाजपा के तरुण चुग और रजनीश अग्रवाल ने दाखिल किया नामांकन
मध्यप्रदेश की तीन राज्यसभा सीटों (MP Rajya Sabha chunav) के लिए 18 जून को वोट डाले जाएंगे, जिसके लिए नामांकन की आखिरी तारीख 9 जून तय की गई है। भाजपा ने इस चुनाव के लिए अपने राष्ट्रीय महासचिव तरुण चुघ और प्रदेश इकाई के सचिव रजनीश अग्रवाल को मैदान में उतारा है, जबकि मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस की ओर से पूर्व सांसद मीनाक्षी नटराजन को प्रत्याशी बनाया गया है।
बैठक समाप्त होने के बाद सभी नेताओं ने की पूजा-अर्चना
नामांकन दाखिल करने से पहले भाजपा ने रणनीति और संगठनात्मक समन्वय को मजबूत करने के लिए भोपाल स्थित अपने प्रदेश मुख्यालय में विधायकों की एक महत्वपूर्ण बैठक बुलाई। इस बैठक में मुख्यमंत्री मोहन यादव, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल और दोनों उम्मीदवार शामिल हुए। बैठक समाप्त होने के बाद सभी नेताओं ने भाजपा कार्यालय परिसर में स्थित शिव और हनुमान मंदिर में जीत के लिए पूजा-अर्चना की। इसके बाद नेताओं का दल 15 से अधिक वाहनों के बड़े काफिले के साथ नामांकन पत्र जमा करने विधानसभा पहुंचा।
कैलाश विजयवर्गीय के बयान से कांग्रेस में मची हलचल
संख्या बल के हिसाब से 230 सदस्यीय मध्यप्रदेश विधानसभा में भाजपा के पास 164 विधायक हैं, जिससे उसकी दो सीटों पर जीत पूरी तरह तय मानी जा रही है। वहीं, कांग्रेस के पास 64 सदस्य हैं और एक सीट भारत आदिवासी पार्टी (बीएपी) के पास है, जबकि एक सीट फिलहाल खाली है। इस बीच, राज्य के कद्दावर मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के एक बयान ने राजनीतिक गलियारों में सस्पेंस बढ़ा दिया है। विजयवर्गीय ने शुक्रवार को मीडिया से कहा कि अगर भाजपा राज्य से तीसरे उम्मीदवार की घोषणा करती है, तो पार्टी उसे भी जिताने का पूरा प्रयास करेगी। उनके इस बयान के बाद राज्य की राजनीति में यह चर्चा जोर पकड़ने लगी है कि क्या भाजपा तीसरे उम्मीदवार को उतारकर कांग्रेस की राह मुश्किल करने की तैयारी में है।
