शहरों में रात को पार्टियों का दौर चलता रहता है। पब और रेस्त्रा आदि स्थानों पर जाने वाले लोग अक्सर देर रात घर लौटते हैं। ऐसे में जिनके पास अपनी गाड़ी है वह तो आसानी से गर पहुंच जाते हैं, समस्या उन लोगों को होती है जो पब्लिक ट्रांसपोर्ट से चलते हैं। ज्यादातर बड़े शहरों में बसों की नाइट सर्विस चलती है। जिन शहरों में मेट्रो ट्रेन की सेवा है, वहां पर मेट्रो भी देर रात तक चलती है... ताकि लोग आसानी से अपने घर तक पहुंच सकें। लेकिन देश की एक मेट्रो सेवा ने देर रात चलने वाली मेट्रो में घाटे को देखते हुए इसकी सर्विस टाइमिंग में बदलाव का फैसला किया है। चलिए जानते हैं कौन सी मेट्रो है और टाइमिंग में क्या बदलाव हुआ है।
बदल जाएगा स्पेशल सर्विस का टाइम
24 जून से लागू होगा बदलाव
टाइमिंग में जिस बदलाव की बात हो रही है, वह आगामी सोमवार यानी 24 जून से लागू होगा। कोलकाता मेट्रो ने स्पेशल नाइट सर्विस के साथ ही नॉर्थ-साउथ सर्किट में रात 11 बजे चलने वाली ट्रेन सेवा का समय 20 मिनट एडवांस कर दिया है। यानी रात 11 बजे चलने वाली मेट्रो अब 10.40 बजे चलेगी। मेट्रो रेल अधिकारियों को उम्मीद है कि स्पेशल नाइट मेट्रो ट्रेन का समय बदलने से मेट्रो से यात्रियों का टोटा नहीं होगा और कोलकाता मेट्रो को घाटा भी नहीं सहना पड़ेगा।न्यूज एजेंसी पीटीआई की रिपोर्ट के अनुसार कावी सुभाष और दम दम दोनों मेट्रो स्टेशनों से रात 11 बजे चलने वाली मेट्रो सोमवार से 10.40 बजे ही रवाना हो जाएगी। हालांकि, साथ ही यह बी कहा गया है कि इसे सोमवार से शुक्रवार तक एक्सपेरिमेंट के तौर पर चलाया जाएगा। बता दें कि 24 मई से अब तक स्पेशल ट्रेन हफ्ते में पांच दिन दोनों तरफ से रात 11 बजे ट्रेन चलाई जा रही थी।
औसत 300 यात्री मिल रहे स्पेशल ट्रेन को
रात 11 बजे की इस सेवा को इस उम्मीद से चालू किया गया था कि इससे देर रात लौटने वालों को सुविधा होगी। यात्रियों की सुविधा के साथ ही कोलकाता मेट्रो को उम्मीद थी कि इससे उनकी झोली में भी पैसों की बरसात होगी। लेकिन कोलकाता मेट्रो की यह स्पेशल सर्विस कमाई के लिहाज से फ्लॉप साबित हो रही है। फिलहाल दम दम और कावी सुभाष दोनों तरफ से रात 11 बजे चलने वाली मेट्रो ट्रेनों में औसतन 300 यात्री सफर करते हैं।आमदनी अट्ठन्नी खर्चा रुपया से भी ज्यादा
कोलकाता मेट्रो के प्रवक्ता कौशिक मित्र के अनुसार मेट्रो की यह स्पेशल सेवा आगे नहीं चलाई जा सकती है, क्योंकि इससे भारी नुकसान हो रहा है। उन्होंने बताया कि दोनों ट्रेनों से मासिक कमाई लगभग 6000 हो रही है, जबकि रनिंग कॉस्ट 2.7 लाख रुपये है और इसमें 50 हजार के मिसलीनियस खर्चे अतिरिक्त हैं।अधिकारियों ने जानकारी दी कि कुछ स्टेशनों पर देर रात यात्रियों को सिर्फ 1-2 टिकट की ही बिक्री हो रही है। उन्होंने बताया कि 11 बजे की स्पेशल सर्विस यात्रियों के लिए ज्यादा लेट है और नए शेड्यूल से यात्रियों को लाभ मिलेगा।
टिकट काउंटर रहेंगे बंदप्रवक्ता कौशिक मित्र के अनुसार सोमवार 24 जून से देर रात यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए टिकट काउंटर बंद रहेंगे। इसकी बजाय यात्री ऑटोमेटिक स्मार्ट कार्ड रीचार्ज मशीनों (ASCRM) से UPI का इस्तेमाल करके टिकट खरीद पाएंगे।
