UP Weather Today: उत्तर प्रदेश में नए साल की शुरुआत से ही हांड कंपा देने वाली सर्दियां पड़ रही हैं। भीषण ठंड के बीच लोगों का बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। कंबल-रजाई और हीटर छोड़ वीकेंड के दिन लोग घरों में छिपकर ठंड से बचने की कोशिश कर रहे हैं। प्रदेश का न्यूनतम तापमान 4 डिग्री तक पहुंच गया है, साथ ही अधिकतम तापमान में भी कमी आई है। इस बीच मौसम विभाग ने यूपी के कई जिलों में घने कोहरे का अलर्ट जारी किया है को कई जिलों में आज बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। बारिश के साथ यहां ओलावृष्टि होने की भी संभावना जताई जा रही है। बारिश से बाद से शहर के तापमान में और कमी आने की आशंका है। इससे ठंड का कहर और बढ़ेगा। बता दें कि मौसम विभाग ने यूपी में 14 जनवरी तक घने कोहरे का अलर्ट जारी किया है।
यूपी में कड़ाके की ठंड से राहत नहीं
यूपी में घने कोहरे का ऑरेंज और येलो अलर्ट
लखनऊ मौसम केंद्र की रिपोर्ट के अनुसार, आज प्रदेश के कुछ जिलों में कोहरे का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है तो कुछ में येलो अलर्ट जारी है। ऑरेंज अलर्ट वाले जिलों में महाराजगंज, कुशीनगर, देवरिया, आजमगढ़, मऊ, बलिया, जौनपुर, गाजीपुर, चंदौली, मिर्जापुर, सोनभद्र, संत रविदास नगर और वाराणसी शामिल हैं। वही येलो अलर्ट वाले जिलों में गोरखपुर, संत कबीर नगर, बस्ती, सिद्धार्थनगर, श्रावस्ती, बहराइच, बलरामपुर, अमेठी, रायबरेली, कानपुर, कानपुर देहात, लखनऊ, उन्नाव, कन्नौज, अंबेडकर नगर, अयोध्या, बस्ती, गोंडा, सीतापुर, बाराबंकी, हरदोई, सीतापुर, लखीमपुर खीरी, पीलीभीत, बरेली, सहारनपुर आदि जिलों शामिल हैं।
प्रदेश के इन जिलों में बारिश की संभावना
मौसम विभाग ने उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में आज बारिश होने का अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में सहारनपुर, बिजनौर,अमरोहा, मुरादाबाद, बरेली, रामपुर, संभल, बदायूं, शाहजहांपुर, बुलंदशहर, अलीगढ़, मथुरा, काशीरामनगर, फिरोजाबाद, एटा, आगरा, हाथरस, मैनपुरी, कन्नौज, फर्रुखाबाद, इटावा, जौनपुर, औरैया,शामली, मुजफ्फरनगर, मेरठ, बागपत, गाजियाबाद, गौतमबुद्ध नगर, अलीगढ़, महामायानगर और हापुड़ में बारिश और ओलावृष्टि की संभावना जताई गई है। इसके अलावा हरदोई, सीतापुर, कानपुर, कानपुर देहात, लखनऊ और उन्नाव में बूंदाबांदी की आशंका जताई जा रही है।
नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस होगा एक्टिव
मौसम विभाग की मानें, तो अनुमान है कि आने वाली 14 जनवरी को एक नया पश्चिमी विक्षोभ यानी वेस्टर्न डिस्टरबेंस एक्टिव होगा। इसका प्रभाव भारत के कई राज्यों पर देखने को मिल सकता है। पश्चिमी विक्षोभ के कारण तापमान में गिरावट होगी और सर्द हवाओं से ठंड और बढ़ेगी।
