Cartridge Smuggling Case: उत्तर प्रदेश के कारतूस कांड के मामले में कोर्ट आज यानि शुक्रवार को दोषियों को सजा सुनाएगी। बता दें पिछले बृहस्पतिवार को कोर्ट ने सीरआरपीएफ (CRPF) के दो हवलदारों समेत 24 आरोपियों को दोषी कारार दिया था। सभी को न्यायिक हिरासत में पुलिस के हवाले कर जेल भेज दिया था। कोर्ट ने जिसे दोषी पाया है, उनमें से ज्यादातर पुलिस, पीएसी (PAC) और सीरआरपीएफ (CRPF) के कर्मचारी हैं। वहीं, इनमें चार नागरिक शामिल है हालांकि कारतूस कांड का मुख्य आरोपी यशोदानंदन की ट्रायल के दौरान ही मौत हो गई। बताया जा रहा है कि इस कांड का खुलासा यशोदानंदन की डायरी से हुआ था।
UP News: कारतूस कांड मामले में कोर्ट सुनाएगी आज सजा, दो हवलदार समेत 24 को पाया दोषी ( फाइल फोटो)
दरअसल, सीआरपीएफ कर्मियों पर नक्सलियों के हमले के बाद स्पेशल टास्क फोर्स (STF) टीम ने मामले की जांच की, तो पता चला कि जो हथियार पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के जवानों को दिए जाते है वो नक्सलियों को बेचा जा रहा है। नक्सली हथियार के बदले मुंह मांगी कीमत देते थे। इस बात का खुलासा यशोदानंदन की डायरी से हुआ था। डायरी में साफ लिखा हुआ था कि कि पुलिस और सीआरपीएफ गोदामों से हथियार चोरी कर नक्सलियों को बेच दिया जाता था। हालांकि इस मामले में एसटीएफ के इंस्पेक्टर आमोद कुमार सिंह ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
6, अप्रैल 2010 का है मामला
बता दें छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा में 6 अप्रैल 2010 को गश्त के दौरान नक्सलियों ने सीआरपीएफ के जवानों पर हमाला कर दिया था। इस हमले में सीआरपीएफ के 76 जवान शहीद हो गए थे। जांच के दौरान 9 एमएम की गोली से पाई गई, जिसका उपयोग सरकारी ऐजेंसियां करती है। इसके बाद मामले की जांच बैठाकर
एसटीएफ की टीम सौंपी गई।
