कल का मौसम कैसा रहेगा 31 अक्टूबर 2025 : देशभर में मौसम तेजी के साथ परिवर्तित हो रहा है। उत्तर भारत में सर्दी की आहट है तो दक्षिण और पूर्वोत्तर में बादलों ने कहर बरपा रखा है। आईएमडी ने 30, 31 अक्टूबर और 1 से 2 नवंबर तक उत्तर भारत के मैदानी इलाकों और पहाड़ी राज्यों में पश्चिमी विक्षोभ के असर की बात कही है। वीकेंड तक हरियाणा, पंजाब, दिल्ली, और राजस्थान में वेस्टर्न डिस्टर्बेंस का प्रभाव रहेगा तो उत्तर प्रदेश एवं बिहार के विभिन्न हिस्सों में मोंथा तूफान का असर दिखाई देगा। लिहाजा इस दौरान बादल छाए रहेंगे और कहीं-कहीं आकाशीय बिजली चमकने के साथ हल्की बारिश के आसार बने रहेंगे। वहीं, उत्तराखंड के ऊंचाई वाले हिस्सों में आंशिक तौर पर बदली के साथ हल्की बूंदाबांदी और बर्फबारी तो हिमाचल प्रदेश के पर्वतीय इलाकों में बर्फ गिरने से तापमान में तेजी से गिरावट होगी, जिससे सुबह कोहरे के साथ कड़ाके की सर्दी का एहसास होगा। स्काईमेट ने अगले 24 घंटे के दौरान झारखंड, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, मुंबई, गोवा और गुजरात में मौसमी गतिविधियां होने का पूर्वानुमान जताया है। मौसम विभाग ने मोंथा चक्रवाती तूफान के एक्टिव रहने से आगामी 48 घंटों तक तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, तमिलनाडु, सिक्किम, अंडमान निकोबार द्वीप समूह और पश्चिम बंगाल के तटीय हिस्सों में आंधी-तूफान के साथ तेज बारिश का अलर्ट जारी रखा है। ये गतिविधियां अगले 2 से 3 दिन तक मौसम का मिजाज खराब रखेंगी।
कल का मौसम
| शहर का नाम | न्यूनतम तापमान | अधिकतम तापमान |
| दिल्ली | 20°C | 28°C |
| मुंबई | 27°C | 31°C |
| जयपुर | 21°C | 24°C |
| भोपाल | 21°C | 25°C |
| चंडीगढ़ | 17°C | 29°C |
| लखनऊ | 22°C | 26°C |
| पटना | 24°C | 26°C |
| कोलकाता | 27°C | 30°C |
| शिमला | 9°C | 23°C |
| देहरादून | 14°C | 26°C |
| कश्मीर | 14°C | 28°C |
यूपी में बारिश सर्दी का मौसम कैसा रहेगा
उत्तर प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में मोंथा तूफान के असर से मौसम के भिन्न-भिन्न तेवर दिख रहे हैं। मौसम विभाग की मानें तो अगले 24 घंटे तक राजधानी लखनऊ, कानपुर, झांसी, अयोध्या, वाराणसी, गोरखपुर, बाराबंकी, गोंडा, बलिया, भदोही, ललितपुर, आजमगढ़, चित्रकूट और संभल समेत करीब 15 जिलों में बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। इस दौरान कई जिलों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने और आकाशीय बिजली गिरने या चमकने का अलर्ट है। आईएमडी ने शुक्रवार, शनिवार तक बादलों के छाए रहने के साथ मौसमी गतविधियां होने का पूर्वानुमान जताया है। बारिश के थमते ही न्यूनतम और अधिकतम तापमान में गिरावट दर्ज की जाएगी और सुबह कोहरा छाया नजर आएगा। अगले सप्ताह की शुरुआत न्यूनतम तापमान 18 से 20 और अधिकतम 27 से 28 डिग्री सेल्सियस रहने से तेज सर्दी का एहसास होगा।
उत्तरखंड और हिमाचल प्रदेश में बर्फबारी का मौसम
उत्तरखंड में मौसम का मिजाज कई दिनों से बदला हुआ है। देहरादून समेत कई ऊंचाई वाले हिस्सों में आंशिक तौर पर बादल छाए हुए हैं और कहीं-कहीं बूंदाबांदी दर्ज की जा रही है, जिससे सर्दी का एहसास बढ़ गया है। हालांकि, अधिकांश जिलों में मौसम शुष्क है, लेकिन पर्वतीय इलाकों में बर्फ गिरने से तापमान में काफी कमी आई है। मौसम विभाग ने अगले 2 दिन तक कुमाऊं क्षेत्र में बादल छाए रहने और बारिश के साथ बर्फबारी का अलर्ट जारी रखा है, जिससे करीब 5 डिग्री सेल्सियस तक तापमान गिर सकता है। उधर, हिमाचल प्रदेश के लिए आईएमडी ने कोई बड़ी संभावना नहीं जताई है। अगले कुछ दिनों तक मौसम शुष्क रहेगा, लेकिन लाहौल स्पीति, ताबो और मनाली की ओर बर्फबारी से न्यूनतम तापमान माइनस के आसपास पहुंच गया है, जिससे पहाड़ों के साथ मैदानी इलाकों में कड़ाके की सर्दी का सितम बढ़ गया है। राज्य के औसत तापमान की बात करें तो 0.2 दर्ज किया।
दिल्ली में कल पॉल्यूशन सर्दी का मौसम
दिल्ली-एनसीआर में मौसम गहरा गया है। पिछले 2-3 दिन से बादल छाए हैं और प्रदूषण की चादर छाई हुई है। पूरे एनसीआर में धुएं और धुंध से दृश्यता काफी कम है। बारिश सा मौसम है, लेकिन बादल बरस नहीं रहे। मौसम विभाग की मानें तो हवा की गति 10 किलोमीटर से नीचे है, जिससे घने कोहरे ने प्रदूषकों को छंटने से रोक दिया है। यही है कारण आसमान में धुंध छाई है और वायु गुणवत्ता बेहद खराब श्रेणी में दर्ज की जा रही है। सीपीसीबी के मुताबिक, दिल्ली की वायु गुणवत्ता (एक्यूआई) 357 दर्ज की गई, चिंताजनक है। शहर के विवेक बिहार और आनंद विहार में एक्यूआई 400 के ऊपर पहुंच गया है। आईएमडी की मानें तो न्यूनतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस, वर्तमान के हिसाब से 4 डिग्री सेल्सियस अधिक है, जबकि अधिकतम तापमान 28 से 30 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। फिलहाल, बारिश को लेकर संभावनाएं बनी हुई हैं।
बिहार में मौसम कल का बारिश का कैसा रहेगा
बिहार में चक्रवाती परिसंचरण (Cyclonic Circulation) मोंथा के असर से बारिश का दौर शुरू हो गया है। मौसम विभाग ने राज्य के पटना, गया, बक्सर, गोपालगंज, सारण, नालंदा, रोहतास, भोजपुर और दरभंगा में आंधी के साथ बारिश का पूर्वानुमान जारी किया है। खराब मौसम के दौरान कई हिस्सों आकाशीय बिजली (ठनका) गिरने की चेतावनी है। मौसम विभाग ने लोगों को खुले आसमान के नीचे नहीं रहने की सलाह दी है। आईएमडी ने अगले सप्ताह से राज्य में कोहरा और ठंडी बढ़ने के आसार जताए हैं।
राजस्थान में बारिश का मौसम कैसा रहेगा
राजस्थान में मौसमी गतिविधियों ने मौसम का मिजाज बदल दिया है। कई स्थानों पर हल्की बारिश से तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। जयपुर मौसम केंद्र के मुताबिक, पूर्वी और पश्चिमी राजस्थान में कुछ जगहों पर हल्की से मध्यम वर्षा जारी रहेगी। आईएमडी के मुताबिक, अगले 3 से 4 दिन तक उदयपुर, कोटा संभाग और आसपास के जिले में बादल छाए रहने और हल्की से मध्यम दर्जे की बारिश हो सकती है। हालांकि, अधिकांश भागों में 31 अक्टूबर से मौसम शुष्क रहने की संभावना है। बारिश के प्रभाव से अधिकतम तापमान में 5 से 12 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की गई है।
मुंबई में मौसम कैसा है
मौसम विभाग ने महाराष्ट्र में मोथा का असर होने की बात कही है। अगले 2 दिन तक मुंबई समेत दस जिलों में हल्की से मध्यम बारिश के आसार हैं। आईएमडी के मुताबिक, मुंबई शहर, मुंबई उपनगर, ठाणे, पालघर, पुणे, नासिक, सतारा, रायगढ़, रत्नागिरी और नांदेड़ जिलों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। रायगढ़ और रत्नागिरी के तटीय इलाकों में समुद्री लहरें ऊंची हो सकती हैं, इसलिए मछुआरों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। खासकर, मुंबई में तेज बारिश से सड़क यातायात और लोकल ट्रेनों के आवागमन में असर पड़ सकता है। वहीं, किसानों से अपील की गई है कि अगर खेत में फसल कटाई का काम चल रहा है, तो उसे कुछ घंटे टाल दें। इसका कुछ असर गुजरात और गोवा के हिस्सों में भी दिखेगा।
पश्चिम बंगाल में बारिश के मौसम का अलर्ट
चक्रवात मोंथा धीरे-धीरे कमजोर होकर एक 'कम दबाव का क्षेत्र' में बदल गया है, जिसके कारण पश्चिम बंगाल के कुछ जिलों में शनिवार तक भारी वर्षा जारी रहने का अलर्ट है। आईएमडी ने बताया कि दक्षिणी छत्तीसगढ़ पर बना यह कम दबाव का क्षेत्र उत्तर दिशा में पूर्वी मध्य प्रदेश की ओर बढ़ेगा और इस दौरान यह आगे और कमजोर हो जाएगा, जिससे शुक्रवार से शनिवार को उत्तर बंगाल के दार्जिलिंग, कलिम्पोंग, जलपाईगुड़ी, अलीपुरद्वार, बीरभूम, मुर्शिदाबाद, पश्चिम बर्धमान, पुरुलिया और कूचबिहार जिलों में एक या दो स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। भारी बारिश के कारण दार्जिलिंग और कलिम्पोंग जिलों के पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन हो सकता है।
दक्षिण भारत में तूफान मोंथा का असर बरकरार
आंध्र प्रदेश में भीषण चक्रवाती तूफान मोंथा ने खूब तबाही मचाई। खासकर तटीय इलाकों में आंधी-तूफान के साथ भारी बारिश से बड़ा नुकसान हुआ है। मौसम विभाग ने अगले 2 से 3 दिन तक राज्य में हल्की आंधी और बारिश के आसार जताए हैं। तूफान से पेड़ उखड़ने के साथ बिजली व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है, जिसकी मरम्मत का कार्य जारी है। फिलहाल, तूफान मोथा आगे बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल की ओर शिफ्ट हो गया है, जिससे छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, तेलंगाना, आंध्र, तमिलनाडु, केरल कर्नाटक, ओडिशा, सिक्किम में गरज चमक और वज्रपात के साथ आंधी बारिश का सिलसिला जारी रहेगा।
FAQs
कल कहां बारिश होगी?
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, मोंथा चक्रवाती तूफान के असर से दक्षिण भारत और पूर्वोत्तर के राज्यों में आंधी-तूफान के साथ भारी बारिश हो रही है, जो अगले 2 से 3 दिन तक जारी रहेगी। इसके वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के प्रभाव से उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश और राजस्थान में कल भी बारिश का अलर्ट
दिल्ली में कितना प्रदूषण?
दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण खतरनाक श्रेणी का पार कर गया है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CBCP) के आंकड़ों के मुबाकि, शहर की वायु गुणवत्ता 400 के आसपास है। सीपीसीबी के अनुसार, शून्य से 50 तक एक्यूआई अच्छा, 51 से 100 तक संतोषजनक, 101 से 200 तक मध्यम, 201 से 300 तक खराब, 301 से 400 तक बहुत खराब और 401 से 500 तक गंभीर माना जाता है।
मोंथा तूफान क्या है?
मौसम विभाग के मुताबिक, अरब सागर के ऊपर एक नया साइक्लोनिक सर्कुलेशन चकवाती तूफान मोंथा सक्रिय है, जिसका असर दक्षिण से लेकर पूर्वोत्तर के राज्यों में पड़ रहा है। अगले 2 दिन तक आंध्र प्रदेश, ओडिशा, तमिलनाडु, केरल, कर्नाटक और पश्चिम बंगाल में आंधी-तूफान के साथ भारी बारिश होगी।
साइक्लोन मोंथा का नामकरण कैसे हुआ?
आईएमडी के मुताबिक, उत्तरी हिंद महासागर क्षेत्र में आने वाले सभी चक्रवातों को उस दिशा की ओर दी गई पूर्व से निर्धारित लिस्ट से नाम तय किए जाते हैं। बेसिकिली मोंथा नाम का सुझाव थाइलैंड ने दिया, जो उत्तरी हिंद महासागर क्षेत्र में चक्रवातों के नाम रखने में योगदान देने वाले 13 सदस्य देशा का हिस्सा है। चक्रवातों को नाम देने वाले देशों की लिस्ट में भारत, बांग्लादेश, पाकिस्तान, मालदीव, म्यांमार, ओमान, श्रीलंका, थाइलैंड, यमन, ईरान, कतर, सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात (UAE) हैं। इन सभी को मिलाकर 169 नाम बनते हैं, लिहाजा जब कोई नया साइक्लोनिक सर्कुलेशन बनता है तो आईएमडी लिस्ट में से अगला नाम चुनता है।
पश्चिमी विक्षोभ (वेस्टर्न डिस्टर्बेंस) क्या होता है?
भारत में सर्दियों के मौसम या बीच-बीच में पश्चिमी विक्षोभ ((Western disturbance) का प्रभाव देखने को मिलता है। सर्दी के दिनों में उत्तर पश्चिम से आने वाले हवाएं उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में मौसम का मिजाज बिगाड़ती हैं, जिससे जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, दिल्ली, राजस्थान, हरियाणा, पंजाब और उत्तर प्रदेश के साथ बिहार में बारिश की गतिविधियां दर्ज की जाती हैं। सर्दियों में इसके एक्टिव होने से ठंडी का ग्राफ बढ़ता है।
ऑरेंज येलो और ग्रीन अलर्ट क्या होता है?
मानसूनी सीजन में अधिकतर येलो, ऑरेंज, रेड और ग्रीन अलर्ट का जिक्र होता है। मौसम विभाग देश में मौसम संबंधी अलर्ट जारी करने के लिए 4 रंगों का उपयोग करता है। ये रंग और इनके संदेश.... ग्रीन (किसी कार्रवाई की जरूरत नहीं), येलो (नजर रखें और निगरानी करते रहें), ऑरेंज (तैयार रहें) और रेड (कार्रवाई/सहायता की जरूरत) हैं। इस हिसाब से लोगों से अपील की जाती है बचाव एवं सुरक्षा के उपाय पेश किए जाते हैं।
ठंडी कब से शुरू होगी
मौसम विभाग के मुताबिक, पहाड़ों और मैदानी राज्यों में पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से बर्फबारी और बारिश के असर से अब उत्तर भारत में सर्दी का दौर शुरू हो गया है। हालांकि, अच्छी खासी ठंड का मौसम मध्य नवंबर से शुरू होगा, क्योंकि ला नीना (La Niña) की स्थिति बनने की संभावना है। यह दौर फरवरी के मध्य तक जारी रह सकता है। हालांकि, सुबह कोहरे और गुलाबी सर्दी ने अपने तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं।
