रांची : छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो ने सदर अस्पताल से संघर्ष और इंसाफ के नाम खुला पत्र जारी कर आंदोलन को निर्णायक मुकाम तक ले जाने का संकल्प दोहराया है। अस्पताल में उनकी अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल 10वें दिन भी जारी है। उन्होंने कहा कि शांतिपूर्ण छात्र आंदोलन पर लाठीचार्ज करने वालों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए और जब तक छात्रों को सम्पूर्ण न्याय नहीं मिलता, संघर्ष जारी रहेगा।
सदर अस्पताल से देवेंद्र नाथ महतो का संघर्ष पत्र
देवेंद्र नाथ महतो ने विधानसभा घेराव कार्यक्रम को ऐतिहासिक रूप से सफल बनाने में सहयोग करने वाले सभी छात्रों, युवाओं और समर्थकों के प्रति आभार जताया। उन्होंने कहा कि आंदोलन में साथ खड़े लोगों का सहयोग इस संघर्ष की ताकत है।उन्होंने अपने खुले पत्र में शांतिपूर्ण तरीके से आंदोलन कर रहे छात्रों पर हुए लाठीचार्ज का मुद्दा उठाते हुए दोषी लोगों पर कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि लोकतांत्रिक तरीके से अपनी मांग रखने वाले छात्रों के साथ बल प्रयोग किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है।
भूख-हड़ताल के 10वें दिन जारी
उन्होंने पत्र पर लिखा कि 'मैं अनिश्चितकालीन भूख-हड़ताल के 10वें दिन सदर अस्पताल रांची में उपचाराधीन हूं और अस्पताल में रहते हुए भी मेरी भूख-हड़ताल जारी है तथा और भी निरंतर जारी रहेगा। मेरा शरीर अस्पताल में उपचाराधीन होने के बावजूद मेरा संघर्ष और उद्देश्य अडिग है। भले मेरा शरीर कमजोर हो सकता है लेकिन न्याय की जंग और संघर्ष का मैं कभी कमजोर नहीं हो सकता हूं।'
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आगे लिखा कि मैं इस हिंसा का रास्ता बल प्रयोग से छात्रों की आवाज को दबाया नहीं जा सकता। बल के रास्ते अपनी अधिकारों नहीं बल्कि संविधान और लोकतंत्र के रास्ते पर चलकर अपने अधिकारों की लड़ाई लड़ रहे हैं। मेरे निष्पक्ष छात्रों के साथ हुई पुलिस कार्रवाई की लड़ाई लड़ रहे हैं और मेरे निष्पक्ष आंदोलन के दौरान बल प्रयोग नहीं होना चाहिए और शांतिपूर्ण आंदोलन के दौरान बल प्रयोग नहीं होना चाहिए।
ये परीक्षाएं निरस्त
इधर, मंगलवार को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने 14वीं JPSC PT और 2023 व 2025 की बैकलॉग परीक्षाओं को तुरंत प्रभाव से रद्द करने का आदेश दे दिया है। इसके अलावा, परीक्षा प्रक्रियाओं में गड़बड़ी की शिकायतों के चलते 11वीं से 13वीं JPSC, FRO, ACF और APP समेत कई अन्य भर्तियों की भी निष्पक्ष जांच के आदेश जारी किए गए हैं।
