मोबाइल आज के आधुनिक युग में मोबाइल जरूरत भर नहीं रह गया है, बल्कि यह जीवन का अहम हिस्सा बन गया है। हम और तुम भले ही कोई अन्य चीज भूल जाएं, लेकिन मोबाइल साथ रखना नहीं भूलते। जोधपुर के 39 वर्षीय किराना व्यापारी गोपाल सोनी भी ऐसा ही करते हैं। लेकिन कल यानी सोमवार 8 जून को उनके साथ जो घटना हुई वह हमारे और आपके लिए भी एक बड़ी चेतावनी है। उनकी पैंट की जेब में रखे मोबाइल फोन में अचानक ब्लास्ट हो गया। इस पूरी घटना का वीडियो सीसीटीवी मैं कैद हो गया। इस खबर के साथ आप वह वीडियो भी देख सकते हैं।
यहां मंडोर कृशि मंडी इलाके में कारोबारी गोपाल सोनी की जेब में रखा मोबाइल फोन किसी बम की तरह फट गया। धमाका काफी तेज था और तुरंत ही उनकी पैंट की जेब में आग लग गई और धुआं आने लगा। मोबाइल फोन फटने से गोपाल सोनी के घुटने के ऊपर का हिस्सा यानी जांघ गंभीर रूप से झुलस गई।
उंगलियां भी जल गईं
धमाके के बाद दर्द से तड़पते हुए व्यापारी ने स्वयं को बचाने के लिए जेब से जलता हुआ मोबाइल फोन बाहर निकालने की कोशिश की। इस दौरान उनके हाथ की उंगलियां भी बुरी तरह से जल गईं। इस घटना के बाद गोपाल सोनी नाम के इस व्यक्ति तो तुरंत ही मंडोर के सैटेलाइट अस्पताल में भर्ती कराया गया। उनकी गंभीर हालत को देखते हुए परिजन आज यानी मंगलवार 9 जून को उन्हें महात्मा गांधी अस्पताल जा रहे हैं और यहां के बर्न यूनिट में शिफ्ट किया जाएगा।
दैनिक भास्कर की रिपोर्ट के अनुसार उन्होंने इस घटना के बाद पीड़ित गोपाल सोनी से बात की। गोपाल सोनी ने बताया कि सोमवार दोपहर करीब साढ़ तीन बजे वह मंडी स्थिति अपनी किराना दुकान पर बैठे थे। उन्होंने बताया कि वह मोबाइल को हमेशा अपनी शर्ट की जेब में रखते हैं, लेकिन सोमवार को टी-शर्ट पहनी होने के कारण उन्होंने फोन पैंट की जेब में रखा था।
कैसे हुई यह पूरी घटना
गोपाल सोनी बताया कि घटना के समय वह काउंटर की दराज में कुछ देख रहे थे, तभी अचानक तेज धमाका हुआ और उनकी जेब में आग लग गई। इस घटना को सीसीटीवी वीडियो में भी देखा जा सकता है। उन्होंने बताया कि एक पल के लिए उन्हें लगा कि पास में रखे लैपटॉप से उन्हें करंट लगा है। लेकिन जैसे ही नीचे देखा, जेब से धुआं आ रहा था और आग लग गई थी। उन्होंने कहा, मैं दर्द के मारे चिल्लाता हुआ टेबल से दूर भागा, जेब से जलता हुआ फोन निकाला तो उंगलियां भी जल गईं।
ओवरहीट नहीं, फिर क्यों फटा मोबाइल?
गोपाल सोनी के साथ हुई यह दुर्घटना काफी चिंताजनक है। उनका वीडियो तो डरावना है। पीड़िता का कहना है कि फोन में ब्लास्ट होने का कोई शुरुआती संकेत तक उन्हें नहीं मिला। उनका कहना है कि उन्होंने करीब दो साल पहले Vivo कंपनी का यह फोन खरीदा था। माना जाता है कि 100 फीसद चार्ज होने या रातभर चार्जिंग पर छोड़ने के कारण फोन फट सकता है। लेकिन हादसे के समय गोपाल सोनी का फोन 87 फीसद ही चार्ज था। ऐसे में प्रश्न यही है कि फिर यह फोन क्यों फटा? पीड़ित गोपाल सोनी का कहना है कि ब्लास्ट के समय फोन बिल्कुल नॉर्मल था, हीट भी नहीं हुआ था और न ही किसी तरह की खराबी उसमें थी।
धमाके से दुकान में अफरा-तफरी जैसा माहौल
वीडियो में आपने देखा होगा कि जैसे ही पीड़ित की जेब में रखे फोन में ब्लास्ट हुआ, उनकी जेब से धुआं आने लगा और पैंट में आग लग गई। गोपाल दर्द से चिल्लाते हुए दुकान में इधर-उधर भागने लगे। चिल्लानी की आवाज सुनकर कृषि मंडी के अन्य व्यापारी और पडोसी भी तुरंत दुकान में चले आए। उन्होंने गोपाल को संभाला और कुर्सी पर बैठा दिया। बाद में झुलसी हुई हालत में उन्हें मंडोर के सैटेलाइट अस्पताल ले जाया गया।
