Jamui News: बिहार के जमुई स्थित सदर अस्पताल से एक बेहद दुखद और हैरान करने वाली खबर सामने आई है। यहां महज चार घंटे के भीतर दो प्रसूता महिलाओं और एक नवजात शिशु की मौत हो गई। इस दर्दनाक घटना के बाद अस्पताल परिसर में कोहराम मच गया और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। सरकारी दावों के बीच इतनी कम अवधि में हुई तीन मौतों ने जिले की चरमराती स्वास्थ्य सेवाओं पर फिर से बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।
3 मौतों के बाद एक्शन में श्रेयसी सिंह
लगातार मौतों की खबर मिलते ही बिहार सरकार की खेल एवं उद्योग मंत्री श्रेयसी सिंह तुरंत सदर अस्पताल पहुंचीं। उन्होंने पीड़ित परिवारों से मिलकर उनका दर्द बांटा और पूरी घटना की जानकारी ली। जब मंत्री ने अस्पताल के रोस्टर की जांच की, तो पता चला कि ऑन-ड्यूटी महिला चिकित्सक डॉ. शालिनी कुमारी अस्पताल से गायब थीं। इस घोर लापरवाही को देखकर मंत्री का गुस्सा फूट पड़ा।
उन्होंने इमरजेंसी में मौजूद डॉक्टरों और अस्पताल के उपाधीक्षक डॉ. थनिश कुमार को सख्त लहजे में फटकार लगाई। श्रेयसी सिंह ने साफ शब्दों में कहा कि इलाज के नाम पर किसी भी मरीज की जिंदगी के साथ खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अस्पताल में व्यवस्था का जायजा लेने के बाद मंत्री श्रेयसी सिंह सीधे जिलाधिकारी नवीन कुमार के आवास पर पहुंचीं। उन्होंने डीएम से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषी पाए जाने वाले डॉक्टरों पर एफआईआर दर्ज कर सख्त कानूनी कार्रवाई करने को कहा।
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए जिलाधिकारी नवीन कुमार ने तीन सदस्यों की एक विशेष जांच टीम का गठन कर दिया है। यह टीम मौतों के पीछे के कारणों, इलाज के दौरान हुई चूक और डॉक्टरों की अनुपस्थिति की गहराई से पड़ताल करेगी। अब सबकी नजरें जांच रिपोर्ट पर टिकी हैं, जिससे यह साफ हो पाएगा कि इस दुखद हादसे का असली जिम्मेदार कौन है।
