अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति (एससी-एसटी) के आरक्षण में ‘क्रीमी लेयर’ पर उच्चतम न्यायालय के फैसले को लेकर बुधवार को आहूत 'भारत बंद' का राजस्थान में मिला जुला असर देखा गया। राजधानी जयपुर के साथ साथ अजमेर सहित अनेक शहरों में प्रमुख बाजार बंद हैं और सड़कों पर आवागमन अन्य दिनों की तुलना में कम रहा। प्रशासन ने जयपुर सहित अनेक जिलों में स्कूल- कॉलेज में एहतियातन छुट्टी की घोषणा की है।
आज भारत बंद का आह्वान
9 बजे शुरू हुआ राजस्थान में बंद
यह 'बंद' सुबह नौ बजे शुरू हुआ और राज्य के अनेक जिलों में इसका असर रहा। प्रमुख बाजारों में दुकानें नहीं खुलीं। अनेक जगह रोडवेज की बस नहीं चलने से लोगों को परेशानी हुई। जयपुर की सड़कों पर भी अपेक्षाकृत कम वाहन दिखे। 'बंद' का आह्वान करने वाले संगठनों के कार्यकर्ताओं ने रैलियां निकालीं। पुलिस ने किसी भी तरह की अप्रिय घटना को टालने के लिए अतिरिक्त बल तैनात किए हैं।
सोशल मीडिया पर भी पैनी नजर
जयपुर के पुलिस आयुक्त बीजू जॉर्ज जोसफ ने आयुक्तालय के सभी थाना क्षेत्रों में शांति एवं कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए परामर्श जारी किया है। इसके तहत पुलिस अधिकारियों से कानून का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने को कहा गया है। इसके साथ ही सोशल मीडिया पर पैनी नजर रखने को कहा गया है ताकि किसी भी प्रकार की भ्रामक बातें एवं अफवाह न फैलें। राजस्थान राज्य पथ परिवहन निगम ने अपने सभी वाहनों के सुरक्षित संचालन के संबंध में आदेश जारी किए हैं।
देशभर के 21 संगठनों ने किया भारत बंद का आह्वान
निगम की अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक श्रेया गुहा ने बताया कि भारत बंद के मद्देनजर सभी मुख्य प्रबंधक, प्रबंध संचालकों और यातायात प्रबंधकों को मुख्यालय पर ही उपस्थित रहने के लिए पाबंद किया गया है। एससी-एसटी के आरक्षण में ‘क्रीमी लेयर’ पर उच्चतम न्यायालय के पिछले एक अगस्त के फैसले के खिलाफ आज देश भर के 21 संगठनों ने भारत बंद का आह्वान किया है। संगठनों ने इस फैसले का विरोध करते हुए कहा कि इससे आरक्षण के मूल सिद्धांतों को क्षति होगी।
(इनपुट - भाषा)
