उत्तराखंड की राजधानी देहरादून के ग्रामीण इलाके में एक सनसनीखेज हत्याकांड के बाद सांप्रदायिक और सामाजिक तनाव चरम पर पहुंच गया है। सहसपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले बैरागीवाला गांव में बीती रात विनोद कश्यप नाम के एक युवक की बेरहमी से पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। इस वारदात के बाद इलाके में आक्रोश इस कदर भड़का कि उग्र भीड़ ने कानून अपने हाथ में ले लिया। भीड़ ने पहले नामजद आरोपियों के घरों पर जमकर पथराव किया और उसके बाद उनके घरों व खड़े ट्रैक्टरों को आग के हवाले कर दिया।
मृतक की फाइल फोटो
इस हिंसक झड़प और आगजनी के बाद पूरे बैरागीवाला गांव को छावनी में तब्दील कर दिया गया है। पुलिस ने इस मामले में तत्परता दिखाते हुए 3 नामजद और 25 अज्ञात उपद्रवियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
शुरुआत में लगा पानी का विवाद, लेकिन मामला निकला 14 हजार रुपयों का
शुरुआती इनपुट के अनुसार, यह पूरी घटना पानी के एक मामूली से विवाद को लेकर भड़की थी। लेकिन जैसे-जैसे पुलिस ने मामले की गंभीरता से जांच की और स्थानीय लोगों से पूछताछ की, तो एक अलग ही इनसाइड स्टोरी सामने आई। दरअसल, यह विवाद सिर्फ पानी का नहीं बल्कि 14,000 के लेनदेन से जुड़ा था। मृतक विनोद कश्यप शटरिंग और बिल्डिंग मटेरियल का काम करता था। वह दूसरे पक्ष से अपने काम के बकाये पैसे के भुगतान की मांग काफी समय से कर रहा था। जब पैसे नहीं मिले तो दोनों पक्षों में कहासुनी हुई। इसके बाद, आरोप है कि करीब 20 से 30 लोगों की भीड़ ने विनोद के घर पर हमला बोल दिया। इस जानलेवा हमले में विनोद कश्यप की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि परिवार के कुछ अन्य सदस्य भी गंभीर रूप से घायल हुए हैं।
अंतिम संस्कार से परिवार का इनकार
इस कांड के बाद इलाके का माहौल पूरी तरह बिगड़ गया। घटना के 10 घंटे से अधिक का समय बीत जाने के बाद भी पीड़ित परिवार विनोद के शव का अंतिम संस्कार न करने की बात पर अड़ा हुआ है। स्थानीय ग्रामीणों ने खुद मोर्चा संभाल लिया क्योंकि उन्हें लगा कि पुलिस प्रशासन त्वरित कार्रवाई नहीं कर रहा है। भीड़ ने नामजद आरोपियों के घरों और संपत्ति को निशाना बनाया और वहां आग लगा दी। जिसको बुझाने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी। ताजा जानकारी के मुताबिक प्रशासन ने आरोपियों के घर पर बुलडोजर भी चलवा रही है।
मुख्यमंत्री धामी पल-पल पर अपडेटेड
इस पूरे संवेदनशील मामले का संज्ञान खुद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने लिया है। वह लगातार पुलिस मुख्यालय से मामले का अपडेट ले रहे हैं। मुख्यमंत्री ने पीड़ित परिवार को आश्वस्त किया है कि किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और त्वरित न्याय सुनिश्चित किया जाएगा। सरकार की तरफ से कठोरतम कार्रवाई के निर्देश जारी हो चुके हैं। ग्राउंड जीरो पर तनाव को देखते हुए भारी पुलिस बल की तैनाती की गई है।
