पंजाब के तरनतारन के एसएसपी डॉ. रवजोत कौर ग्रेवाल को उपचुनाव में दखलंदाज़ी के लिए निलंबित कर दिया गया। इस बीच, आयोग की मंज़ूरी के बाद भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) अधिकारी सुरेंद्र लांबा को तरनतारन का नया एसएसपी नियुक्त किया गया है। मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा कि पंजाब सरकार से तीन अधिकारियों का पैनल मांगा गया है। यह घोषणा 11 नवंबर को होने वाले तरनतारन विधानसभा उपचुनाव से तीन दिन पहले की गई है।
क्या आरोप लगे हैं?
हिंदुस्तान टाइम्स के हवाले से पंजाब की पॉलिटिकल पार्टी शिरोमणि अकाली दल (एसएडी) ने हाल ही में पंजाब के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) के पास डॉ. ग्रेवाल के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें उन पर आरोप लगाया गया था कि वह उपचुनाव में प्रचार करने से रोकने के लिए एसएडी नेतृत्व और कैडर के खिलाफ झूठी और निराधार एफआईआर दर्ज करने के लिए पुलिस बल का इस्तेमाल कर रही हैं। उनका आरोप है पंजाब की आम आदमी पार्टी के इशारे पर प्रचार में बाधा डाल रही हैं और राजनीतिक दबाव में आकर एफआईआर दर्ज कर रही हैं। लिहाजा, उनकी शिकायत का संज्ञान लेते हुए चुनाव आयोग ने उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
तरनतारन उपचुनाव के लिए कब होगा मतदान
हालांकि, ग्रेवाल के निलंबन का कोई कारण नहीं बताया गया है, लेकिन एसएसपी के खिलाफ यह कार्रवाई शिरोमणि अकाली दल (शिअद) के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल द्वारा पंजाब के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) के समक्ष शिकायत दर्ज कराने के बाद की गई। आम आदमी पार्टी ने एसएसपी के निलंबन पर सवाल उठाते हुए दावा किया कि यह कार्रवाई बिना किसी "ठोस शिकायत" के की गई। आप नेता बलतेज पन्नू ने आरोप लगाया कि आयोग भाजपा के इशारे पर काम कर रहा है। तरनतारन उपचुनाव के लिए मतदान 11 नवंबर को होगा और नतीजे 14 नवंबर को घोषित किए जाएंगे। जून में आप विधायक कश्मीर सिंह सोहल के निधन के बाद इस सीट पर उपचुनाव कराने की जरूरत पड़ी।
