राहत की सांस लें! भारत में AI से सिर्फ 4% नौकरियों पर खतरा, वर्ल्ड बैंक रिपोर्ट में हुआ ये खुलासा

Job News: वर्ल्ड बैंक के अनुसार, भारत में एआई से केवल 4% नौकरियों पर खतरा है, जो विकसित देशों (15%) से बहुत कम है। एआई नौकरियां छीनने के बजाय उत्पादकता और सरकारी सेवाएं बढ़ाएगा।

Job News: आर्टिफिशल इंटेलिजेंस (AI) को लेकर पूरी दुनिया में नौकरियों के जाने का डर बना हुआ है, लेकिन भारत के संदर्भ में एक बड़ी और राहत भरी खबर सामने आई है। वर्ल्ड बैंक ग्रुप के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर नीलकंठ मिश्रा के अनुसार, भारत में केवल 4 प्रतिशत से कुछ अधिक नौकरियों पर ही एआई के कारण संकट या बदलाव का खतरा है। यह आंकड़ा विकसित देशों के मुकाबले बेहद कम है, जहां करीब 15 प्रतिशत (मिड-टीन्स) नौकरियों पर एआई का असर पड़ने की संभावना जताई गई है। यह जानकारी 'वर्ल्ड डेवलपमेंट रिपोर्ट 2026' के इंडिया लॉन्च के दौरान दी गई।

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आर्टिफिशल इंटेलिजेंस (AI) से भारतीयों को डरने की जरूरत नहीं

एआई नौकरी छीनेगा नहीं, काम में मदद करेगा

रिपोर्ट में यह साफ किया गया है कि एआई तकनीक को इंसानों को हटाने वाले विकल्प के रूप में देखने के बजाय, एक सहायक तकनीक के रूप में देखा जाना चाहिए। विकासशील देशों में एआई के कारण नौकरियां जाने का जोखिम विकसित देशों की तुलना में काफी कम है। हालांकि, एआई से होने वाले फायदों की बात करें तो भारत जैसे विकासशील देशों के कर्मचारियों को भी विकसित देशों के समान ही लाभ मिलेगा। न्यूज एजेंसी एएनआई की रिपोर्ट के मुताबिक नीलकंठ मिश्रा ने कहा कि भारत में एआई का इस्तेमाल कर्मचारियों की उत्पादकता (Productivity) बढ़ाने और उनके मौजूदा काम को आसान बनाने में किया जाएगा, न कि उन्हें नौकरी से निकालने के लिए।

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