26/11 के मुंबई हमले के मास्टरमाइंड हाफिज मोहम्मद सईद के प्रत्यर्पण के लिए भारत ने पाकिस्तान से कहा है। पड़ोसी मुल्क ने इस बाबत शुक्रवार (29 दिसंबर, 2023) को पुष्टि की। साथ ही बताया कि इंडिया की तरफ से बैन आतंकी संगठन जमात-उद-दावा (जेयूडी) के चीफ हाफिज मोहम्मद सईद के प्रत्यर्पण के लिए कहा गया है। हालांकि, हिंदुस्तान के अनुरोध पर पाक की ओर से कहा गया है कि वह इस मसले में एक्शन नहीं ले सकता है। ऐसा इसलिए क्योंकि कोई द्विपक्षीय प्रत्यर्पण संधि फिलहाल नहीं है।
संयुक्त राष्ट्र (यूएन) की ओर से आंतकी घोषित हाफिज सईद सईद लश्कर-ए-तैयबा का संस्थापक है। (फाइल)
पाक के स्थानीय न्यूज चैनल 'जियो न्यूज' की रिपोर्ट के हवाले से समाचार एजेंसी आईएएनएस ने बताया कि विदेश कार्यालय की प्रवक्ता मुमताज ज़हरा बलूच की मानें तो, "पाकिस्तान को भारतीय अधिकारियों से एक अनुरोध मिला है, जिसमें कथित मनी लॉन्ड्रिंग केस में सईद के प्रत्यर्पण की मांग की गई है। वैसे, इस अनुरोध पर अमल की कोई योजना नहीं हो सकती है, क्योंकि पाकिस्तान और भारत के बीच कोई द्विपक्षीय प्रत्यर्पण संधि नहीं है।"
दरअसल, हिंदुस्तान सईद पर सीमा पार हमलों में शामिल होने का आरोप लगाता आया है, मगर बैन संगठन के प्रमुख ने सभी दावों का सिरे से खंडन किया है। पाकिस्तान की एक अदालत ने 26/11 के मुंबई हमले के लिए अमेरिका और भारत की ओर से दोषी ठहराए गए लश्कर-ए-तैयबा (एलईटी) के संस्थापक सईद को आतंकवाद के वित्तपोषण के दो मामलों में 31 साल जेल की सजा सुनाई थी।
यही वजह है कि भारत ने कई आतंकी मामलों में वॉन्टेड साल 2008 के मुंबई हमले के मुख्य साजिशकर्ता हाफिज सईद के प्रत्यर्पण की मांग की थी। भारत के विदेश मंत्रालय (एमईए) के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने इससे पहले कहा था, "सईद के प्रत्यर्पण का अनुरोध कुछ दस्तावेजों के साथ हाल में पाकिस्तान को भेजा गया था।"
वैसे, मामले से वाकिफ लोगों ने कहा कि इस तरह के मसौदा समझौते के अभाव में भी प्रत्यर्पण संभव है। संयुक्त राष्ट्र (यूएन) की ओर से आंतकी घोषित हाफिज सईद सईद लश्कर-ए-तैयबा का संस्थापक है। सईद के नेतृत्व वाला जमात-उद-दावा (जेयूडी) लश्कर-ए-तैयबा (एलईटी) का मुखौटा संगठन है। लश्कर-ए-तैयबा 2008 के मुंबई हमले को अंजाम देने के लिए जिम्मेदार है, जिसमें छह अमेरिकियों सहित 166 लोग मारे गए थे।
