Hormuz Tension Deepen: पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच ईरान का होर्मुज स्ट्रेट को लेकर बड़ा बयान सामने आया। ईरान ने साफ किया कि होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों से किसी तरह का 'टोल' नहीं लिया जा रहा है। हालांकि, समुद्री मार्गदर्शन, सुरक्षा और पर्यावरण संरक्षण जैसी सेवाओं के लिए शुल्क वसूला जाएगा।
होर्मुड स्ट्रेट (फाइल फोटो)
तेहरान ने क्या कुछ कहा?
ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई (Esmaeil Baqaei) ने उन रिपोर्ट्स को सिरे से खारिज कर दिया, जिनमें दावा किया गया था कि ईरान ने इस अहम समुद्री मार्ग से गुजरने वाले वाणिज्यिक जहाजों पर ट्रांजिट टोल लगाया है। उन्होंने कहा कि जो टोल लिया जा रहा है, वह फारस की खाड़ी क्षेत्र में दी जा रही सेवाओं से जुड़ा है।
बघाई ने कहा, ''जहाजों को नेविगेशन सेवाएं देने के साथ-साथ होर्मुज, फारस की खाड़ी और ओमान सागर के पर्यावरण संरक्षण के लिए जरूरी कदम उठाए जाते हैं। इन सेवाओं के लिए कुछ टोल लेना जरूरी है।'' यह बयान ऐसे समय आया है जब हाल के दिनों में कुछ रिपोर्टों में दावा किया गया था कि क्षेत्र में बढ़ते तनाव और समुद्री व्यापार में व्यवधान के बीच ईरान ने कुछ वाणिज्यिक जहाजों से भुगतान मांगना शुरू कर दिया।
इसी बीच, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि वॉशिंगटन और तेहरान के बीच महीनों से जारी तनाव और संघर्ष को खत्म करने के लिए संभावित समझौता 'काफी हद तक तय' हो चुका है।
इंटरनेट बहाल कर रहा तेहरान
ईरान ने जनवरी से देशभर में ठप पड़ी इंटरनेट सेवाओं को बहाल करना शुरू कर दिया है। साथ ही ईरान ने मंगलवार को हालिया अमेरिकी हमलों की कड़ी निंदा करते हुए इन्हें "दुर्भावना और अविश्वसनीयता" का प्रतीक बताया है। यह प्रतिक्रिया ऐसे समय में आई है जब युद्ध समाप्त करने के लिए एक संभावित समझौते की दिशा में बातचीत जारी है।
अमेरिकी सेना ने सोमवार को दक्षिणी ईरान में किए गए हमलों को रक्षात्मक करार दिया था। अमेरिका का कहना है कि इन लक्ष्यों में मिसाइल प्रक्षेपण स्थल और बारूदी सुरंग बिछाने वाली नावें शामिल थीं। अमेरिका ने यह भी दावा किया कि कई हफ्तों से जारी संघर्षविराम के मद्देनजर उसने यह कार्रवाई "संयम" बरतते हुए की है।
