Muslim Country Where Polygamy Is Illegal: आम तौर पर यह धारणा मानी जाती है कि सभी मुस्लिम-बहुल देशों में पुरुषों को चार शादियां (बहुविवाह या Polygamy) करने की कानूनी अनुमति होती है। लेकिन दुनिया में ऐसे भी मुस्लिम-बहुल देश हैं, जिन्होंने अपने कानून में बड़ा ऐतिहासिक बदलाव करते हुए एक से ज्यादा शादी करने पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगा रखा है।
किस मुस्लिम देश में एक से ज्यादा शादी करना गैरकानूनी है? जानिए जहाँ पुरुष नहीं कर सकते दूसरी शादी
इन देशों में यदि कोई व्यक्ति पहली पत्नी के रहते हुए दूसरी शादी करता है, तो उस शादी को न केवल कानूनी रूप से अमान्य घोषित कर दिया जाता है, बल्कि आरोपी पुरुष को जेल की सजा और भारी जुर्माना भी भुगतना पड़ता है।
ट्यूनीशिया: पहला अरब देश जिसने लगाया पूर्ण बैन
उत्तर अफ्रीका का मुस्लिम-बहुल देश ट्यूनीशिया अरब दुनिया का ऐसा पहला देश है, जिसने वर्ष 1956 में ही बहुविवाह प्रथा को पूरी तरह से गैरकानूनी घोषित कर दिया था।
पर्सनल स्टेटस कोड (1956): ट्यूनीशिया के तत्कालीन राष्ट्रपति हबीब बोरगुइबा ने 13 अगस्त 1956 को 'कोड ऑफ पर्सनल स्टेटस' (Code of Personal Status) लागू किया। इसके तहत कानूनन केवल 'एकविवाह' (Monogamy) को ही मान्यता दी गई।
सजा का प्रावधान: ट्यूनीशियाई कानून की धारा 18 के अनुसार, यदि कोई व्यक्ति पहली पत्नी के कानूनी रिश्ते में रहते हुए दूसरी शादी करता है, तो उसे 1 साल तक की जेल की सजा और भारी आर्थिक जुर्माने का सामना करना पड़ता है।
तर्क: ट्यूनीशियाई न्यायविदों ने यह कानूनी तर्क दिया कि कुरान के सिद्धांतों के अनुसार सभी पत्नियों के साथ 'पूर्ण न्याय और समानता' करना व्यावहारिक रूप से किसी इंसान के लिए असंभव है, इसलिए एक शादी का नियम ही सर्वोपरि है।
तुर्की: 1926 से लागू है सख्त सिविल कोड
यूरोप और एशिया के मुहाने पर बसा मुस्लिम-बहुल देश तुर्की में भी एक से ज्यादा शादी करना सख्त गैरकानूनी है।
तुर्की सिविल कोड (1926): आधुनिक तुर्की के संस्थापक मुस्तफा कमाल अतातुर्क के शासनकाल के दौरान 1926 में 'तुर्की सिविल कोड' अपनाया गया था। इसके तहत शरिया आधारित पारिवारिक कानूनों को हटाकर धर्मनिरपेक्ष सिविल कानून लागू किया गया, जिसमें बहुविवाह को पूरी तरह खत्म कर दिया गया।
दूसरी शादी अमान्य: तुर्की में कोई भी नागरिक तब तक दूसरी शादी नहीं कर सकता, जब तक कि वह अपनी पहली शादी के कानूनी तलाक या पत्नी की मृत्यु का आधिकारिक प्रमाण न प्रस्तुत करे। पहली पत्नी के रहते की गई कोई भी दूसरी धार्मिक या अनौपचारिक शादी कानून की नजर में अवैध मानी जाती है।
अन्य मुस्लिम देश जहां लागू हैं कड़े प्रतिबंध
ट्यूनीशिया और तुर्की में जहां पूर्ण प्रतिबंध है, वहीं दुनिया के कई अन्य मुस्लिम देशों ने भी दूसरी शादी के नियमों को इतना कड़ा बना दिया है कि बिना अदालत या पहली पत्नी की अनुमति के दूसरी शादी करना लगभग असंभव है:
मलेशिया और इंडोनेशिया: यहां दूसरी शादी के लिए पहली पत्नी की लिखित सहमति, वित्तीय क्षमता का प्रमाण और पारिवारिक अदालत की विशेष अनुमति अनिवार्य है।
मिस्र, सीरिया और जॉर्डन: इन देशों में पति द्वारा दूसरी शादी करने पर पहली पत्नी को अदालत के जरिए तुरंत तलाक मांगने और मुआवजा पाने का कानूनी अधिकार प्राप्त है।
