Earthquake in Myanmar: म्यांमार में एक बार फिर भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं, गौर हो कि म्यांमार में शुक्रवार यानी 28 मार्च को आए भूकंप के बाद शनिवार यानी 29 मार्च को दोपहर 3:30 बजे फिर भूकंप आया जिससे लोगों में दहशत कायम हो गई, बताते हैं कि इस बार रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 5.1 मापी गई है, म्यांमार के 6 राज्यों और पूरे थाईलैंड में इमरजेंसी लगाई गई है।
म्यांमार में फिर आया 'भूकंप'
बता दें कि म्यांमार में दो दिन में 5 से ज्यादा तीव्रता वाले तीन भूकंप आ चुके हैं। शुक्रवार को आए भूकंप में करीब 1000 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई है वहीं 2400 से ज्यादा लोग घायल हैं ये भूकंप अपने पीछे तबाही के भारी निशान छोड़ गया है वहीं बैंकॉक में एक 30 मंजिला इमारत गिर गई है इसमें 10 लोगों की मौत हो गई।
भारत मदद के लिए भेज रहा 80 एनडीआरएफ कर्मियों की टीम
भारत भूकंप प्रभावित म्यांमा में राहत एवं बचाव कार्य के लिए राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) के 80 कर्मियों की टीम भेज रहा है। आधिकारिक सूत्रों ने शनिवार को यह जानकारी दी उन्होंने बताया कि 'ऑपरेशन ब्रह्मा' के तहत एनडीआरएफ कर्मियों को पड़ोसी देश की सहायता के लिए मजबूत 'कंक्रीट कटर', 'ड्रिल मशीन', 'हथौड़े' आदि जैसे भूकंप बचाव उपकरणों के साथ भेजा जा रहा है।
एक अधिकारी ने बताया, 'कुल 80 एनडीआरएफ कर्मियों की एक टीम को गाजियाबाद के हिंडन से भारतीय वायुसेना के दो विमानों में म्यांमा भेजा जा रहा है। राहत टीम के शनिवार शाम तक वहां पहुंचने की उम्मीद है।' अधिकारी ने बताया कि टीम खोजी कुत्तों को भी साथ ले जा रही है।
भीषण भूकंप आने से इमारतें, पुल और अन्य बुनियादी ढांचे क्षतिग्रस्त
म्यांमा और उसके पड़ोसी देश थाईलैंड में शुक्रवार को भीषण भूकंप आने से इमारतें, पुल और अन्य बुनियादी ढांचे क्षतिग्रस्त हो गए। खबरों के मुताबिक म्यांमा में भूकंप के कारण अब तक 1,002 लोगों की मौत हुई है।भारत ने इससे पहले 2015 में नेपाल और 2023 में तुर्किए में आए भूकंप के दौरान भी एनडीआरएफ दल को राहत कार्यों के लिए भेजा था।इसके अलावा, भारत ने शनिवार को 15 टन राहत सामग्री भी म्यांमा भेजी। यह सामग्री भारतीय वायु सेना के सी130जे सैन्य परिवहन विमान के जरिए म्यांमा के यांगून शहर भेजी गयी। भारत और म्यांमा के बीच 1,643 किलोमीटर लंबी अंतरराष्ट्रीय सीमा है।
