Rishi Sunak: ब्रिटेन के पूर्व प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन (Boris Johnson) ने एक आश्चर्यजनक कदम उठाते हुए रविवार को घोषणा की कि वह कंजरवेटिव पार्टी के नेतृत्व की दौड़ में नहीं उतरेंगे। जॉनसन के इस फैसले के बाद पीएम पद की रेस में सबसे आगे चल रहे ऋषि सुनक ब्रिटेन (Britain) के पहले भारतीय मूल के प्रधानमंत्री चुने जाने के करीब पहुंच गए हैं।
ऋषि सुनक का ब्रिटेन का पीएम बनना तय! (File Photo)
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री पद की दौड़ से हटे बोरिस जॉनसन
55 साल के बोरिस जॉनसन ने दावा किया कि उन्होंने 100 सांसदों की सीमा पार कर ली है, लेकिन टोरी (कंजरवेटिव) पार्टी की एकता के हित में उन्होंने आगे नहीं बढ़ने का फैसला किया। एक बयान में जॉनसन ने कहा कि उन्होंने 102 नामांकन की बहुत उच्च बाधा को पार कर लिया है, लेकिन वह इस निष्कर्ष पर पहुंचे हैं कि यह इसके लिए सही समय नहीं है।
बोरिस जॉनसन ने ‘पार्टीगेट’ कांड के बाद जुलाई में इस्तीफा दे दिया था, जिसमें जॉनसन पर कथित रूप से कोविड-19 लॉकडाउन संबंधी कानून तोड़ने का आरोप लगा था। वहीं पिछले महीने प्रधानमंत्री पद की दौड़ में लिज ट्रस से मात खाने वाले ऋषि सुनक रविवार को एक बार फिर औपचारिक रूप से कंजरवेटिव पार्टी के नेता और प्रधानमंत्री पद की दौड़ में शामिल हो गए।
ऋषि सुनक को हराकर ब्रिटेन की पीएम बनी थीं लिज ट्रस
पिछले महीने ब्रिटेन की तत्कालीन विदेश मंत्री लिज ट्रस ने भारतीय मूल के पूर्व वित्त मंत्री ऋषि सुनक को कंजरवेटिव पार्टी नेतृत्व के लिए मुकाबले में हराकर प्रधानमंत्री के तौर पर बोरिस जॉनसन का स्थान लिया था। तब ट्रस को 57.4 प्रतिशत और सुनक को 42.6 प्रतिशत मत मिले थे। प्रधानमंत्री पद की दौड़ के लिए लगभग आठ हफ्ते तक चले चुनाव अभियान के दौरान ऋषि सुनक ने कहा था कि हम जानते हैं कि ब्रिटेन-भारत संबंध महत्वपूर्ण हैं। हम अपने दोनों देशों के बीच जीवंत सेतु का प्रतिनिधित्व करते हैं।
