YouTube कमाई का एक अच्छा जरिया है। इस पर जिसके जितने सब्सक्राइबर्स उसकी कमाई उतनी ही ज्यादा होती है। आज हर एक वर्ग के लोगों के पास Youtube से कमाई करने का अच्छा मौका है। बशर्ते उसका कंटेंट इन्गेजिंग हो। हाल में एक ऐसे ही बेहतरीन यूट्यूबर की कहानी इस वक्त सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रही है।
सिक्योरिटी गार्ड के YouTube पर 3 लाख सब्सक्राइबर्स (X/@curiousharish)
सिक्योरिटी गार्ड के यूट्यूब चैनल पर 3 लाख सब्सक्राइबर
इस स्टोरी को सैन फ्रांसिस्को में रहने वाले एक भारतीय मूल के आंत्रप्रेन्योर हरीश उत्थायकुमार ने सोशल साइट एक्स पर अपने अकाउंट से पोस्ट किया है, जिसमें उन्होंने बताया कि उनके ऑफिस की बिल्डिंग में जो युवक सिक्योरिटी गार्ड का काम करता है, उसका एक यूट्यूब चैनल है और उस चैनल पर उसके 3 लाख से ज्यादा सब्सक्राइबर हैं। हरीश ने बताया कि यह लड़का बंगाली कॉमेडी स्किट बनाता है। कोविड के समय जब वह सिर्फ 14 साल का था, तभी उसने चैनल शुरू किया था। आज उसके हजारों-लाखों व्यूज आते हैं, फिर भी वह दिन में सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करता है। हरीश ने युवक की तारीफ करते हुए लिखा – “अगर मुझे कभी बंगाली एडवरटाइजमेंट बनवाना हुआ तो मैं इसी लड़के को हायर करूंगा। आप लोग भी करो!”
ये भी पढ़ें: बीच राह सड़क पर ही गैस चूल्हा रखकर खाना बनाने लगा परिवार, Video देख आप भी पीट लेंगे अपना माथा
पोस्ट सोशल मीडिया पर हुई वायरल
फिर क्या देखते ही देखते हरीश की पोस्ट सोशल मीडिया पर वायरल हो गई। उनके इस पोस्ट को 30 हजार से भी ज्यादा लोगों ने देखा और सैकड़ों लोगों ने इसे लाइक किया है। पोस्ट पर तमाम लोगों के कमेंट्स भी सामने आए हैं, जहां लोगों ने युवक की तारीफ में कई बातें लिखीं। जैसे एक यूजर ने युवक की तारीफ करते हुए लिखा, “वाह! दिन में नौकरी, रात में क्रिएटिविटी – सलाम है ऐसे जुनून को।” दूसरे ने लिखा, "गजब! भाई ने तो कमाल कर दिया।"
लोगों के मन में आए ये सवाल
पोस्ट के कमेंट बॉक्स में लोगों की तारीफ से ज्यादा सवाल भी थे। जैसे, एक यूजर ने पोस्ट पर कमेंट करते हुए पूछा, “3 लाख सब्सक्राइबर हैं, फिर भी गार्ड की नौकरी क्यों कर रहा है?” दूसरे ने कहा, “यूट्यूब पर पैसा तो व्यूज और ऐड से आता है, सब्सक्राइबर से नहीं।” तीसरे ने लिखा, “चैनल का लिंक क्यों नहीं दिया? देखते हैं कि कंटेंट कैसा है।”
डिस्क्लेमर: इस खबर में दी गई जानकारी सोशल मीडिया पोस्ट पर आधारित है। टाइम्स नाउ नवभारत किसी भी प्रकार के दावे की पुष्टि नहीं करता है।
