Plastic Recycling: तमिलनाडू के चेन्नई स्थित Marina Beach अब सिर्फ घूमने और समुद्र देखने की जगह नहीं रहा, बल्कि यह स्वच्छता और पर्यावरण बचाने की एक शानदार मिसाल बन गया है। यहां एक खास पहल शुरू की गई है, जिसका मकसद लोगों को सफाई के लिए जागरूक करना और प्लास्टिक कचरे को कम करना है। इस पहल के तहत बीच पर कुछ खास मशीनें और कलेक्शन पॉइंट्स लगाए गए हैं। लोग यहां प्लास्टिक बोतलें या अन्य कचरा जमा कर सकते हैं।
प्लास्टिक जमा करो और पाओ रिवॉर्ड (Photo: X/@IndianTechGuide)
लोग सफाई में ले रहे हैं बढ़-चढ़कर हिस्सा
इसके बदले उन्हें छोटे-छोटे इनाम, कूपन या कुछ सुविधाएं दी जाती हैं। इसके अलावा लोग बदले में पर्यावरण के अनुकूल बैग प्राप्त कर सकते हैं। यही वजह है कि लोग इस काम में दिलचस्पी ले रहे हैं और सफाई में बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं। इस योजना की सबसे अच्छी बात यह है कि इसमें आम लोग खुद आगे आ रहे हैं। चाहे स्थानीय निवासी हों या घूमने आए पर्यटक, सभी लोग बीच को साफ रखने में मदद कर रहे हैं। कई लोग तो खुद कचरा उठाकर मशीनों में डालते हैं, जिससे आसपास का माहौल साफ-सुथरा बना रहता है। प्लास्टिक कचरा समुद्र और उसमें रहने वाले जीवों के लिए बहुत नुकसानदायक होता है।
प्लास्टिक मछलियों व अन्य जीवों के जीवन के लिए खतरा
यह पानी को गंदा करता है और मछलियों व अन्य जीवों के जीवन को खतरे में डालता है। ऐसे में यह पहल न सिर्फ सफाई को बढ़ावा देती है, बल्कि पर्यावरण की रक्षा में भी अहम भूमिका निभाती है। इस तरह की कोशिशें यह दिखाती हैं कि अगर सही दिशा में कदम उठाए जाएं, तो लोग आसानी से जुड़ जाते हैं। चेन्नई का मरीना बीच अब एक ऐसी जगह बन गया है, जहां लोग सिर्फ घूमने ही नहीं आते, बल्कि पर्यावरण को बचाने में भी अपना योगदान देते हैं। इस वायरल वीडियो को सोशल मीडिया के एक्स पर @IndianTechGuide नामक अकाउंट से शेयर किया गया है। जिसे अभी तक करीब 7 लोख लोग देख चुके हैं। हजारों लोगों ने इसे शेयर भी किया है।
डिस्क्लेमर: इस खबर में दी गई जानकारी सोशल मीडिया पोस्ट पर आधारित है। टाइम्स नाउ नवभारत किसी भी प्रकार के दावे की पुष्टि नहीं करता है।
