Demat Account Limit: डिमैटेरियलाइजेशन अकाउंट जिसे शॉर्ट में हम डीमैट अकाउंट (Demat Account) कहते है। डीमैट शेयर, बांड्स, गवर्नमेंट सिक्योरिटीज, म्यूचुअल फंड, बीमा और ईटीएफ जैसे निवेशों को रखने की प्रोसेस को आसान बनाता है। इससे शेयर सर्टिफिकेट और अन्य डॉक्यूमेंट को इलेक्ट्रॉनिक फॉर्मेट में बदला जाता है। यानी कि ट्रेडिंग के लिए डीमैट अकाउंट सबसे जरूरी चीज है। एक व्यक्ति एक से ज्यादा डीमैट अकाउंट ओपन कर सकता है। चलिए जानते हैं डीमैट अकाउंट से संबंधित जरूरी नियमों के बारे में...
एक व्यक्ति कितने डीमैट अकाउंट खोल सकता है?
एक व्यक्ति एक से ज्यादा और कई सारे डीमैट अकाउंट खोल सकता है, लेकिन प्रत्येक अकाउंट अलग-अलग ब्रोकर या डिपॉजिटरी पार्टिसिपेंट (डीपी) के पास खोला जाना चाहिए। वहीं सभी डीमैट अकाउंट को एक ही परमानेंट अकाउंट नंबर (PAN Card) से लिंक किए जाना चाहिए।
कितना लगता है चार्ज?
डीमैट अकाउंट पर आम तौर पर ₹500-₹1,000 प्रति वर्ष का एनुअल मेंटेनेंस चार्ज (AMC) लगता है। इसके अलावा इसमें अन्य लेनदेन लागतें भी हो सकती हैं।
बंद करने का नियम
डीमैट अकाउंट बंद करने के लिए अकाउंट बंद करने का फॉर्म भरना होता है। इसमें आवश्यक डॉक्यूमेंट भी ब्रोकर को जमा करना होगा। अकाउंट बंद करने के लिए कोई शुल्क नहीं है, लेकिन अकाउंट में कोई बकाया राशि नहीं होनी चाहिए।
फ्रीजिंग
यदि कोई डीमैट अकाउंट एक निश्चित अवधि के लिए इनएक्टिव है, तो उसे फ्रीज किया जा सकता है। फ्रीज किए गए अकाउंट को एक्टिवेट करने के लिए, केवाईसी करना पड़ सकता है।
कितनी उम्र में खोल सकते हैं डीमैट अकाउंट
भारत में डीमैट अकाउंट खोलने के लिए कोई विशिष्ट आयु सीमा (Age Limit) नहीं है। हालांकि, नाबालिग के डीमैट अकाउंट को अभिभावक द्वारा मैनेज किया जा सकता है, जब तक कि वह वयस्क नहीं हो जाते।
