Andaman Nicobar Wildlife Tourism: अंडमान और निकोबार द्वीपसमूह भारत के सबसे खूबसूरत और जैव विविधता से भरपूर क्षेत्रों में से एक है। टूरिज्म को बढ़ावा देने के लिए अंडमान और निकोबार द्वीपसमूह अब एक नई और महत्वाकांक्षी पहल लेकर आया है जिसका उद्देश्य बर्डवॉचिंग पर्यटन को बढ़ावा देना है। ना केवल भारत बल्कि वैश्विक स्तर पर एक पर्यावरण–अनुकूल पर्यटन केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में ये एक सकारात्मक कदम है।
Andaman Nicobar Wildlife Tourism (Photo- canva)
उष्णकटिबंधीय वनों, मैंग्रोव और तटीय क्षेत्रों में फैली इस अद्भुत जगह में 300 से अधिक पक्षी प्रजातियां पाई जाती हैं, जो इसे एक अनूठा बर्डवॉचिंग डेस्टिनेशन बनाती है। बर्डवॉचिंग पर्यटन को बढ़ावा देने से ना केवल दुनिया भर के प्रकृति प्रेमियों को आकर्षित करने की उम्मीद है बल्कि पर्यावरण संरक्षण और स्थायी यात्रा की सोच को भी आगे बढ़ाना है।
अंडमान और निकोबार के एवियन क्लब के साथ मिलकर अंडमान और निकोबार द्वीपसमूह प्रशासन ने इस रोमांचक ईको-टूरिज्म पहल की शुरुआत की है। बता दें कि ये द्वीप लगभग 250 से अधिक पक्षी प्रजातियों के लिए एक सुरक्षित आश्रय स्थल बना हुआ, जिनमें से कुछ प्रजातियां विश्व में कहीं और नहीं मिलती। निकोबार कबूतर, अंडमान टील और अन्य दुर्लभ पक्षियों को यात्रा के दौरान आप अपनी आंखों से देख सकते हैं।
बर्डवॉचिंग को बढ़ावा देना संकटग्रस्त प्रजातियों की सुरक्षा के लिहाज से भी काफी ज्यादा जरूरी है। इस पहल के माध्यम से दुनिया भर से यात्री इन द्वीपों की समृद्ध पक्षी विविधता को उनके प्राकृतिक आवासों में देख सकेंगे। पर्यावरण के प्रति एक संवेदनशील दृष्टिकोण के लिहाज से भी यह पहल काफी जरूरी है। मालूम हो कि अंडमान और निकोबार द्वीप पहले से ही प्रकृति प्रेमियों और ईको-टूरिस्ट्स के लिए एक आदर्श टूरिस्ट स्पॉट रहा है।
