चीन के बाद आज भारत दुनिया का सबसे बड़ा स्मार्टफोन मार्केट है। इस पर पूरी दुनिया की नजर भी है। भारत में दुनिया का सबसे बड़ा मोबाइल मैन्युफैक्चरिंग यूनिट भी है जो कि उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा में सैमसंग का है। इसकी क्षमता हर महीने करीब 1 करोड़ मोबाइल प्रोडक्शन का है।
Smartphone Production In India/Photo-AI
अब उद्योग संगठन आईसीईए ने सोमवार को कहा कि चालू वित्त वर्ष के अंत तक देश में मोबाइल फोन उत्पादन 75 अरब डॉलर तक पहुंचने की उम्मीद है, जिसमें 30 अरब डॉलर से अधिक का निर्यात शामिल होगा। पीटीआई-भाषा के मुताबिक इंडिया सेलुलर एंड इलेक्ट्रॉनिक्स एसोसिएशन (आईसीईए) के चेयरमैन पंकज महेंद्रू ने बताया कि भारत ने इलेक्ट्रॉनिक्स उत्पादन में मजबूत वृद्धि दर्ज की है, जो 2025 में 133 अरब डॉलर तक पहुंच गया। इस दौरान निर्यात में तेजी से विस्तार जारी रहा।
उन्होंने कहा, ''मोबाइल फोन पीएलआई योजना 2025-26 के दौरान भी जारी रही, और मार्च 2026 में इसका आगामी समापन इस क्षेत्र के लिए एक और महत्वपूर्ण मील का पत्थर होगा। इस योजना के तहत भारतीय मोबाइल उत्पादन में काफी वृद्धि हुई है और हमें उम्मीद है कि वित्त वर्ष 2025-26 में भारत 75 अरब डॉलर के मोबाइल उत्पादन और 30 अरब डॉलर से अधिक के निर्यात के स्तर तक पहुंच जाएगा।''
आईसीईए के सदस्यों में ऐप्पल, फॉक्सकॉन, डिक्सन, वीवो, ओप्पो और लावा जैसी कंपनियां शामिल हैं। महेंद्रू ने कहा कि इलेक्ट्रॉनिक्स कलपुर्जा विनिर्माण योजना (ईसीएमएस) और सेमीकंडक्टर परियोजनाओं की मंजूरी के जरिए मूल्य श्रृंखला के सुदृढ़ीकरण में मदद मिली है।
