इन दिनों इंटरनेट पर “Epstein Files” तेजी से ट्रेंड कर रहा है। कई लोग जिज्ञासा के चलते इस विषय को गूगल पर सर्च कर रहे हैं, लेकिन साइबर अपराधी इसी उत्सुकता का फायदा उठाकर बड़े पैमाने पर फिशिंग और डेटा चोरी के स्कैम चला रहे हैं।
Epstein Files (AP Photo/Julia Demaree Nikhinson)
सरकारी एजेंसी ने दी चेतावनी
साइबर एक्सपर्ट्स के मुताबिक, जैसे ही कोई यूजर “Epstein Files” से जुड़े दस्तावेज या जानकारी सर्च करता है, उसे कई अनजान वेबसाइटों के लिंक दिखाई देते हैं। ये लिंक देखने में बिल्कुल असली और भरोसेमंद लगते हैं, लेकिन वास्तव में ये फर्जी होते हैं। इन वेबसाइटों पर जाकर यूजर से कहा जाता है कि फाइल देखने के लिए अपनी Gmail आईडी से लॉगिन करें।
असली खेल शुरू
यहीं से शुरू होता है असली खतरा। जैसे ही यूज़र अपनी Gmail आईडी और पासवर्ड दर्ज करता है, उसकी निजी जानकारी हैकर्स के हाथ लग सकती है। इसके बाद ईमेल, कॉन्टैक्ट लिस्ट, बैंकिंग डिटेल्स और अन्य संवेदनशील डेटा का दुरुपयोग किया जा सकता है। कई मामलों में हैकर्स अकाउंट का कंट्रोल अपने हाथ में लेकर फिरौती या धोखाधड़ी तक कर सकते हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि किसी भी ट्रेंडिंग टॉपिक से जुड़े लिंक पर क्लिक करने से पहले वेबसाइट का URL ध्यान से जांचें। अगर वेबसाइट संदिग्ध लगे या लॉगिन की मांग करे, तो तुरंत वहां से बाहर निकल जाएं। किसी भी अनजान साइट पर अपनी Gmail या अन्य सोशल मीडिया आईडी से लॉगिन न करें।
सुरक्षा के लिए टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन (2FA) जरूर चालू रखें, ताकि पासवर्ड लीक होने की स्थिति में भी अकाउंट सुरक्षित रहे। साथ ही, समय-समय पर पासवर्ड बदलते रहें और मजबूत पासवर्ड का इस्तेमाल करें।
इंटरनेट पर बढ़ते साइबर अपराधों के बीच यह जरूरी है कि यूज़र सतर्क रहें। सिर्फ जिज्ञासा के कारण किसी भी संदिग्ध लिंक पर क्लिक करना भारी पड़ सकता है। याद रखें, आपकी छोटी सी लापरवाही आपकी निजी जानकारी को खतरे में डाल सकती है।
