Google Android 15: गूगल ने OTP से संबंधित धोखाधड़ी और स्कैम को रोकने का तरीका ढूंढ लिया है। पिछले हफ्ते अपने वार्षिक Google I/O 2024 डेवलपर्स समित में गूगल ने एंड्रॉयड 15 ऑपरेटिंग सिस्टम के साथ फ्रॉड और स्कैम के खिलाफ मजबूत सिक्योरिटी फीचर्स की घोषणा की। एंड्रॉयड 15 बीटा 2 को जारी कर दिया गया है। इसमें ओटीपी फ्रॉड (OTP fraud) से बचाने वाली सुविधा भी है। इसके अलावा गूगल ने स्क्रीन शेयरिंग फीचर में भी बदलाव किया है।
OTP फ्रॉड से बचाएगा गूगल
क्या है OTP फ्रॉड से बचाने वाला फीचर?
गूगल ने कहा कि हम एंड्रॉयड 15 के साथ दो प्रमुख सेफगार्ड फीचर ला रहे हैं, जो फ्रॉड और स्कैम से लड़ने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा देते हैं। और आपकी जानकारी और गोपनीयता को मैलवेयर ऐप्स से सुरक्षित रखते हैं। दरअसल, कंपनी कई ऐप के साथ नोटिफिकेशन में ओटीपी एक्सेस को लिमिटेड करने वाली है। यानी सभी ऐप्स को ओटीपी का एक्सेस नहीं मिलेगा। कंपनी वियरेबल कंपैनियन ऐप्स से ओटीपी नोटिफिकेशन को हाइड कर देगा ताकि स्पाईवेयर अटैक से बचा जा सके।
पहली बार Android 13 में आया था फीचर
गूगल ने इस फीचर को पहली बार एंड्रॉयड 13 के साथ पेश किया था। अब इस सिक्योरिटी फीचर को मजबूत किया जा रहा है। गूगल ने कहा, कंपनी फ्रॉड और स्कैम के खिलाफ नई, एआई-संचालित सुरक्षा पर काम कर रही है। यानी एंड्रॉयड फोन की सिक्योरिटी को और भी मजबूत किया जाएगा।
Android 15 में मिलेगा फीचर
एंड्रॉयड 15 के साथ गूगल कई सिक्योरिटी फीचर्स एड कर रहा है। जिसमें OTP फ्रॉड से बचने का तरीका भी शामिल है। कंपनी के अनुसार, एंड्रॉयड 15 का उपयोग करने वालों को वेब ब्राउजर, मैसेजिंग ऐप या फाइल मैनेजर जैसे इंटरनेट-साइडलोडिंग सोर्स से ऐप इंस्टॉल करते समय अनुमतियां लेने के लिए अतिरिक्त यूजर अप्रूवल लेना होगा।
स्क्रीन शेयरिंग में भी होगा बदलाव
कंपनी आपकी स्क्रीन देखने और जानकारी चुराने की कोशिश करने वाले सोशल इंजीनियरिंग अटैक को सीमित करने के लिए एंड्रॉयड 15 में स्क्रीन शेयरिंग सुविधा में भी बदलाव कर रही है। इसमें सिक्योरिटी के लिहाज से बदलाव किए जा रहे हैं। जैसे कि जब कोई यूजर स्क्रीन शेयर कर रहा होता है, तो निजी जानकारी और कंटेंट को हाइड किया जाएगा। इसके अलावा रिमोट यूजर्स स्क्रीन शेयरिंग के दौरान यूजर के नोटिफिकेशन और ओटीपी नहीं देख पाएंगे।
