टाइलर बिंडन ईरान के खिलाफ विश्व कप के पहले मुकाबले में न्यूजीलैंड के लिये मैदान पर उतरे तो उन्होंने अपनी मां के साथ मिलकर इतिहास रच दिया। जेनी बिंडन और टाइलर विश्व कप खेलने वाली मां बेटे की पहली जोड़ी है। जेनी 2004 से 2014 तक न्यूजीलैंड की गोलकीपर थी और 2007 तथा 2011 महिला विश्व कप के अलावा 2008 और 2012 ओलंपिक खेल चुकी हैं।
टायलर बिंडन (Instagram/TylerBindonn)
टाइलर सोमवार को विश्व कप मैच में स्थानापन्न खिलाड़ी के तौर पर उतरे तो उनके माता पिता भी दर्शक दीर्घा में मौजूद थे। न्यूजीलैंड ने इरान से 2-2 से ड्रॉ खेला। टाइलर के पिता ग्रांट न्यूजीलैंड की वॉलीबॉल टीम के कप्तान रह चुके हैं। टाइलर जब 12 साल के थे तब उनका परिवार कैलिफोर्निया आ गया क्योंकि जेनी को यूसीएलए महिला टीम की सहायक कोच बनाया गया था।
विश्व कप खेलने वाले पिता पुत्र की कई जोड़ियां हैं। पराग्वे के खिलाफ जीत में अमेरिका के लिये गोल करने वाले जियो के पिता क्लाउडियो रेना अमेरिका के लिये खेल चुके हैं। नॉर्वे के लिये पहले मैच में दो गोल करने वाले एर्लिंग हालैंड के पिता अल्फ इंजे हालैंड 1994 विश्व कप खेले हैं।
आज फीफा विश्व कप में क्या खास हुआ, 3 बड़े खिलाड़ी चमके (17 JUNE FIFA World Cup)
फीफा विश्व कप में 17 जून के तीन लगातार मैचों में तीन बड़े सितारे चमके और इनमें से अंतिम मैच सबसे खास रहा जहां महान लियोनेल मेसी ने इतिहास रचा। पहले मैच में फ्रांस ने सेनेगल को 3-1 से हराया जिसमें फ्रेंच स्टार खिलाड़ी काइलिय एम्बाप्पे ने दो गोलों किए। फीफा वर्ल्ड कप के इतिहास में अब एम्बाप्पे के नाम अब 14 गोल हो गए हैं, जो किसी भी फ्रांसीसी खिलाड़ी द्वारा किए गए सबसे ज़्यादा गोल हैं।
दूसरे मैच में नॉर्वे और इराक की टक्कर हुई जहां अपना पहला विश्व कप खेल रहे मैनचेस्टर सिटी के स्टार स्ट्राइकर एर्लिंग हालैंड ने दो गोल करके अपनी टीम 4-1 से जीतने में मददी की।
तीसरा मैच सबसे दिलचस्प रहा जहां अर्जेंटीना और अल्जीरिया की भिड़ंत हुई। इस मैच में सबकी नजरें लियोनेल मेस्सी पर थीं और अपना 200वां अंतरराष्ट्रीय मैच खेल रहे मेस्सी ने किसी को निराश नहीं किया। मेस्सी ने अपने फीफा वर्ल्ड कप करियर की पहली हैट्रिक लगाई और अर्जेंटीना 3-0 से जीतने में सफ रहा। मेसी अब वर्ल्ड कप के इतिहास में 22 गोल (14 गोल, आठ असिस्ट) में शामिल रहे हैं, जो किसी भी खिलाड़ी के लिए सबसे ज़्यादा है। आंकड़ों के अनुसार, यह रिकॉर्ड पहले पेले के नाम था और मेसी ने 2022 के फ़ाइनल में इसकी बराबरी की थी। मेसी ने अब किलियन एम्बाप्पे और गर्ड मुलर की बराबरी कर ली है और टूर्नामेंट के इतिहास में संयुक्त रूप से तीसरे सबसे ज़्यादा गोल करने वाले खिलाड़ी बन गए हैं। इस खास लिस्ट में उनसे आगे सिर्फ़ ब्राजील के पूर्व खिलाड़ी रोनाल्डो (15 गोल) और जर्मनी के पूर्व दिग्गज मिरोस्लाव क्लोज़ (16 गोल) हैं।
(भाषा इनपुट के साथ)
