भारत की स्टार बॉक्सर लवलीना बोरगोहेन का सफर पेरिस ओलंपिक में खत्म हो गया। क्वार्टर फाइनल मैच में उन्हें चीन की नंबर वन खिलाड़ी ली कियान के हाथों हार मिली। कियान ने बोरगोहेन को 4-1 से हराकर अपने देश के लिए मेडल पक्का कर लिया। इसके साथ ही बॉक्सिंग में भारत की आखिरी उम्मीद भी खत्म हो गई। लवलीना इस ओलंपिक में बड़े हुए वेट कैटेगेरी 75 किलोग्राम भारवर्ग में उतरी थीं।
लवलीना बोरगोहेन (साभार-X)
टोक्यो ओलंपिक में उन्होंने 69 किलोग्राम भारवर्ग में ब्रोंज मेडल जीता था। लेकिन पेरिस में 69 किलोग्राम वेट कैटेगेरी न होने के कारण उन्हें अपनी वेट कैटेगेरी बदलनी पड़ी थी। लवलीना और चीन की मुक्केबाज के बीच मुकाबला करीबी था। दोनों में से कोई भी पहले हमला करने की इच्छुक नहीं दिख रही थी। एक दूसरे को पकड़ना और जकड़ना मुकाबले के शुरू में ही होने लगा जिसके बाद रैफरी को बार बार दोनों को अलग करना पड़ रहा था।
कियान ने पहले राउंड के आखिर में कुछ शानदार सटीक मुक्के जड़े। बायें हाथ के शानदार हुक से उन्होंने प्रभावित करते हुए 3-2 की बढ़त बनाई। दूसरा राउंड भी इसी तरह शुरू हुआ लेकिन कियान के दायें हाथ के मुक्के सीधे अंक जुटाने के लिए काफी थे जबकि लवलीना को प्रतिद्वंद्वी को ज्यादा पकड़ने के लिए चेतावनी दी गई। कियान को फिर तीन जजों ने ज्यादा अंक दिये। लेकिन इस बार अलग अलग जज ने ज्यादा अंक दिये थे जिससे उन्होंने सिर्फ एक कार्ड में ही एक अंक की बढ़त बनाई हुई थी।
तीसरे राउंड में भी पकड़ना और जकड़ना जारी रहा जिससे दोनों मुक्केबाज थोड़ी थकी दिख रही थीं। लेकिन कियान ने समझदारी से लवलीना को दूर रखा। लवलीना बार बार जवाबी हमलों पर हिट कर रही थीं और इस राउंड को गंवाकर बाहर हो गईं। असम की लवलीना पिछले साल एशियाई खेलों के फाइनल में भी कियान से 0-5 से हार गई थीं। 2023 में विश्व चैम्पियनशिप के सेमीफाइनल में लवलीना ने कियान को हराया था। लेकिन हाल में जून में ‘प्री ओलंपिक’ टूर्नामेंट में लवलीना को इस अनुभवी खिलाड़ी से हार मिली थी।
इस तरह बॉक्सिंग की टीम ने ओलंपिक में निराश किया और वह खाली हाथ स्वदेश लौटेगी। इससे पहले शनिवार देर रात क्वार्टर फाइनल मैच में निशांत देव को 71 किलोग्राम भारवर्ग में हार का सामना करना पड़ा। निशांत को मैक्सिको के मार्को वर्डे ने 4-1 के अंतर से हराया।
(भाषा इनपुट के साथ)
