तारोबा: वेस्टइंडीज में शानदार प्रदर्शन के बाद शार्दुल ठाकुर ने भारत की विश्व कप टीम में चयन का दावा पुख्ता कर लिया है हालांकि उनका कहना है कि टीम में जगह बनाने की बजाय उनका फोकस हमेशा टीम की जीत में योगदान देने का रहा है। शार्दुल ने वनडे श्रृंखला में तीन मैचों में आठ विकेट चटकाये। आखिरी वनडे में उन्होंने 37 रन देकर चार विकेट लिये।
शार्दुल ठाकुर
ऐसे मौके का करते हैं बरसों इंतजार
वनडे विश्व कप भारत में पांच अक्टूबर से 19 नवंबर के बीच खेला जाना है। टीम प्रबंधन इससे पहले सभी खिलाड़ियों को मौके दे रहा है। शार्दुल ने मैच के बाद कहा,'मुझे खुशी है कि मैने श्रृंखला में आठ विकेट लिये। हम क्रिकेटर इस मौके के लिये बरसों इंतजार करते हैं। कई बार आप अच्छा खेलते हैं तो कई बार नहीं। मैं जिस भी श्रृंखला में खेलता हूं , उससे मेरा आत्मविश्वास बढ़ता है क्योंकि इससे मेरा अनुभव भी बढ़ रहा है।'
मैं टीम की जीत में योगदान की करता हूं कोशिश
उन्होंने कहा, 'मैं ऐसा कभी नहीं सोचता कि मुझे टीम में जगह पक्की करनी है। मैं इस सोच के साथ नहीं खेल सकता क्योंकि मैं वैसा खिलाड़ी नहीं हूं। अगर मुझे विश्व कप टीम में नहीं भी चुना जाता है तो मैं कुछ नहीं कर सकता क्योंकि यह फैसला मेरे हाथ में नहीं है। मैं हमेशा टीम की जीत में योगदान देने के लिये खेलने की कोशिश करता हूं।'
टीम मैनेजमेंट को मुझपर है भरोसा
निचले क्रम पर बल्लेबाजी करने वाले शार्दुल का मानना है कि उनकी टीम में एक भूमिका है और इसी वजह से वह दो साल से वनडे टीम का नियमित हिस्सा हैं । उन्होंने कहा,'मैं सिर्फ एक वनडे श्रृंखला नहीं खेला। श्रीलंका के खिलाफ भारत में हुई श्रृंखला का मैं हिस्सा नहीं था लेकिन उसके अलावा दो साल में सारी श्रृंखलायें खेला हूं। टीम को मुझसे अपेक्षा है और इसी वजह से मुझे चुना जाता है। जब भी मुझे मौका मिलता है तो मुझे लगता है कि टीम को मुझ पर भरोसा है।'
ऑलराउंडर होने की भूमिका है अहम
उन्होंने कहा,'पिछले कुछ साल में हमने निचले क्रम तक बल्लेबाजी रखी है और एक हरफनमौला होने के नाते मेरी भूमिका अहम है। मैं अपनी ओर से पूरा योगदान देने की कोशिश करता हूं ताकि मुझे इत्मीनान रहे कि मैंने अपना प्रयास किया। विश्व कप से पहले हर मैच अहम है। हर विभाग में अपना आकलन करना होगा। टीम प्रबंधन की नजरें भी आप पर होंगी। व्यक्तिगत तौर पर भी हमारे लिये हर मैच अहम है।'
