Nitish Rana ka Bayan: नीतीश राणा की कप्तानी वाली कोलकाता नाइट राइडर्स को रविवार को एमएस धोनी की चेन्नई सुपर किंग्स के खिलाफ अपने घरेलू मैदान पर 49 रन के बड़े अंतर से हार का सामना करना पड़ा। टॉस हारने के बाद पहले बल्लेबाजी करने उतरी चेन्नई सुपर किंग्स ने धमाकेदार बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 4 विकेट के नुकसान पर 235 रन का विशाल स्कोर खड़ा कर दिया। इसके बाद जीत के लिए 236 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए केकेआर की टीम 20 ओवर में 8 विकेट पर 186 रन बना सकी। जेसन रॉय और रिंकू सिंह ने बीच के ओवरों में टीम की मैच में वापस लाने की कोशिश की लेकिन वो प्रयास में सफल नहीं हुए।
कोलकाता नाइट राइडर्स (साभार IPL/BCCI)
235 रन लुटाने की बाद नहीं हो रही है हजम
हार के बाद कप्तान नीतीश राणा ने कहा, 236 रन का लक्ष्य ऐसी पिच पर और इतनी अच्छी टीम के खिलाफ हासिल करना हमेशा मुश्किल रहेगा खासतक तब जब बैटिंग के दौरान आपका पॉवरप्ले अच्छा ना गया हो। पिच के बारे में केकेआर के कप्तान ने कहा, 12 ओवर के बाद हमने बहुत रन दिए लेकिन क्रेडिट अजिंक्य रहाणे ने जैसी बैटिंग की उसका क्रेडिट हमें देना होगा। जो सिलसिला उन्होंने शुरू किया वो होता ही चला गया। 20 ओवर में 235 रन पड़वाना ये हजम कर पाना थोड़ा मुश्किल हो रहा है। मुझे नहीं लगता कि इतना अच्छा कोई विकेट नहीं होता कि आप 235 रन खा जाओ।
नहीं दोहरानी होंगी वही गलतियां
सात मैच में कुल पांच और लगातार चार हार के बाद कोलकाता टूर्नामेंट में खुद को कहां देखती है? इसके जवाब में राणा ने कहा, हमारे लिए इस दौरान बहुत से पॉजिटिव्स भी आए हैं आज के मैच में भी और पिछले मैचों में भी। अगर हम पॉजिटिव्स की बात छोड़ भी दें तो जहां कहीं भी थोड़ा बहुत वीक हैं वहां सुधार नहीं कर रहे हैं। अगर आप इतनी बड़ी लीग में ऐसी टीम के खिलाफ वही गलतियां दोहरा रहे हैं तो हमेशा हारने वाले पक्ष में ही रहेंगे।
पॉवरप्ले का नहीं उठा पाए फायदा
जेसन रॉय ने 26 गेंद में 61 रन की पारी खेली। क्या उनके ओपनिंग करने से फर्क पड़ता? इसके जवाब में नीतीश ने कहा, 236 रन के लक्ष्य का जब आप पीछा कर रहे हों तो सर्कल बेहद अहम होता है। अगर आपके पहले छह ओवर में ज्यादा रन नहीं बने तो आप गेम में हमेशा पीछे रहते हो। जब भी एक दो विकेट गिरते हैं तो आप दोबारा साझेदारी करने के बारे में सोचते हैं। ऐसी स्थिति में चार पांच गेंदें पार्टनरशिप बिल्ट करने में उपयोग होती हैं। जीत के लिए पहले छह ओवर काफी अहम थे।
