स्पोर्ट्स डेस्क, नई दिल्ली। भारत और श्रीलंका के बीच दूसरे टेस्ट मैच के पहले दिन यशस्वी जायसवाल और असिथा फर्नांडो के बीच हुई नोकझोंक पर आईसीसी ने कार्रवाई की है। आईसीसी ने दोनों खिलाड़ियों पर 25 प्रतिशत मैच और एक-एक डिमेरिट अंक दिए हैं। दोनों खिलाड़ियों ने पिछले 24 महीने की अवधि में कोई अन्य अपराध नहीं किया था, इसलिए बैन की कार्रवाई नहीं की गई।
जायसवाल और असिथा पर हुई कार्रवाई। फाइल फोटो
दोनों खिलाड़ियों को आईसीसी आचार संहिता के अनुच्छेद 2.12 का उल्लंघन करते हुए पाया गया। जो 'किसी खिलाड़ी, खिलाड़ी समर्थन कार्मिक, अंपायर, मैच रेफरी या किसी अन्य व्यक्ति (अंतर्राष्ट्रीय मैच के दौरान एक दर्शक सहित) के साथ अनुचित शारीरिक संपर्क, से संबंधित है।
जायसवाल ने आलोचना का दिया जवाब
वहीं, यशस्वी जायसवाल ने सोशल मीडिया पर हो रही उनकी आलोचना का जवाब दिया है। जायसवाल ने सोशल मीडिया पर लिखा कि पूरा मामला जाने बगैर कोई फैसला न सुनाए। उन्होंने यहां तक कि कोई हद पार करेगा तो जवाब देने से पीछे नहीं हटेंगे। रविवार को एसएससी मैदान पर दूसरे टेस्ट के पहले दिन घटी इस घटना के लिए जायसवाल के व्यवहार की काफी आलोचना हुई है।
जायसवाल ने इंस्टाग्राम पर इस घटना के संदर्भ में पोस्ट किए गए एक वीडियो पर प्रतिक्रिया करते हुए कहा, 'अगर आपको नहीं पता कि मुझे क्या कहा गया था तो कृपया अपना फैसला न सुनाएं। अगर कोई हद पार करता है तो हमें उसे यह बताना होगा कि भारत पीछे नहीं हटेगा और जवाब देगा।'
हर्षा भोगले ने की थी कड़ी अलोचना
मशहूर कमेंटेटर हर्षा भोगले ने वीडियो में कहा कि जायसवाल के लिए सबसे अच्छा यही होता कि वह बस वहां से चले जाते। मैच के पहले दिन शुरुआती सत्र के दौरान फर्नांडो ने जायसवाल को 45 रन पर आउट कर दिया था जिसके तुरंत बाद यह झड़प हुई। जायसवाल जब पवेलियन की ओर लौट रहे थे तो फर्नांडो ने उन्हें इशारा करते हुए कुछ कहा, जिससे जायसवाल भड़क उठे और मुड़कर उस तेज गेंदबाज से भिड़ गए। दोनों खिलाड़ियों के बीच तीखी बहस हुई। इस दौरान जायसवाल का हेलमेट फर्नांडो के माथे से छू गया। इसके बाद श्रीलंका के कप्तान धनंजय डी सिल्वा ने हस्तक्षेप कर उन्हें अलग किया।
