Shivji Ki Aarti (Om Jai Shiv Omkara Aarti): हरतालिका तीज आरती, ओम जय शिव ओंकारा, स्वामी जय शिव ओंकारा

Hartalika Teej Aarti In Hindi, Shiv Ji Ki Aarti Lyrics In Hindi, Parvati Mata Ki Aarti: आज हरतालिका तीज है। ये पर्व भगवान शिव और माता पार्वती को समर्पित है। ऐसे में हरतालिका तीज (Hartalika Teej Aarti) पर भगवान शिव और माता पार्वती की आरती जरूर करें।

Hartalika Teej Aarti In Hindi, Shiv Ji Ki Aarti Lyrics In Hindi, Parvati Mata Ki Aarti: आज हरतालिका तीज व्रत (Hartalika Teej 2023) है। ये व्रत भगवान शिव और माता पार्वती की कृपा पाने के लिए खास माना जाता है। इस दिन महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र और खुशहाल वैवाहिक जीवन के लिए निर्जला व्रत करती हैं। फिर शाम में प्रदोष काल (Pradosh Kaal) के समय विधि विधान व्रत पूजा करती हैं। क्योंकि इस व्रत में भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा का विधान है। ऐसे में इस दिन शिव जी की आरती (Shiv Aarti Lyrics) और माता पार्वती की आरती जरूर करें। यहां देखें दोनों ही आरती के लिरिक्स।

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Shiv Ji Ki Aarti, Mahadev Ji Ki Aarti Lyrics In Hindi

Shiv Ji Ki Aarti In Hindi (शिव जी की आरती)

ॐ जय शिव ओंकारा,

स्वामी जय शिव ओंकारा।

ब्रह्मा, विष्णु, सदाशिव,

अर्द्धांगी धारा ॥

ॐ जय शिव ओंकारा...॥

एकानन चतुरानन

पंचानन राजे ।

हंसासन गरूड़ासन

वृषवाहन साजे ॥

ॐ जय शिव ओंकारा...॥

दो भुज चार चतुर्भुज

दसभुज अति सोहे ।

त्रिगुण रूप निरखते

त्रिभुवन जन मोहे ॥

ॐ जय शिव ओंकारा...॥

अक्षमाला वनमाला,

मुण्डमाला धारी ।

चंदन मृगमद सोहै,

भाले शशिधारी ॥

ॐ जय शिव ओंकारा...॥

श्वेताम्बर पीताम्बर

बाघम्बर अंगे ।

सनकादिक गरुणादिक

भूतादिक संगे ॥

ॐ जय शिव ओंकारा...॥

कर के मध्य कमंडल

चक्र त्रिशूलधारी ।

सुखकारी दुखहारी

जगपालन कारी ॥

ॐ जय शिव ओंकारा...॥

ब्रह्मा विष्णु सदाशिव

जानत अविवेका ।

प्रणवाक्षर में शोभित

ये तीनों एका ॥

ॐ जय शिव ओंकारा...॥

त्रिगुणस्वामी जी की आरति

जो कोइ नर गावे ।

कहत शिवानंद स्वामी

सुख संपति पावे ॥

ॐ जय शिव ओंकारा...॥

लक्ष्मी व सावित्री

पार्वती संगा ।

पार्वती अर्द्धांगी,

शिवलहरी गंगा ॥

ॐ जय शिव ओंकारा...॥

पर्वत सोहैं पार्वती,

शंकर कैलासा ।

भांग धतूर का भोजन,

भस्मी में वासा ॥

ॐ जय शिव ओंकारा...॥

जटा में गंग बहत है,

गल मुण्डन माला ।

शेष नाग लिपटावत,

ओढ़त मृगछाला ॥

जय शिव ओंकारा...॥

काशी में विराजे विश्वनाथ,

नंदी ब्रह्मचारी ।

नित उठ दर्शन पावत,

महिमा अति भारी ॥

ॐ जय शिव ओंकारा...॥

ॐ जय शिव ओंकारा,

स्वामी जय शिव ओंकारा।

ब्रह्मा, विष्णु, सदाशिव,

अर्द्धांगी धारा ॥

Parvati Mata Ki Aarti Lyrics In Hindi (माता पार्वती की आरती के लिरिक्स)

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