Vastu Tips for Career: इंसान अपने जीवन में सफलता और तरक्की के लिए दिन रात कमरतोड़ मेहनत करता है। कुछ लोगों को उनकी इस मेहनत का फल मिल जाता है तो कुछ को पूरी मेहनत के बाद भी सफलता नहीं मिल पाती है। इसका एक बड़ा कारण वास्तु दोष को भी माना जाता है। वास्तु शास्त्र के अनुसार, हम लोग अनजानें में कुछ ऐसे कार्य कर देते हैं, जो वास्तु दोष बनकर करियर की तरक्की में रूकावट डालने लगता है। ऐसे में जरूरी है कि वास्तु शास्त्र के जरूरी नियमों का पालन किया जाए। यहां पर हम कुछ ऐसे ही उपाय बता रहें हैं जो इंसान के किस्मत को चमका सकते हैं।
करियर में वास्तु के इन नियमों का करें पालन, मिलेगी जबरदस्त तरक्की
कुर्सी पर ठीक ढंग से बैठें
वास्तु शास्त्र के अनुसार वर्क फ्रॉम होम या ऑफिस में काम करते समय हमेशा कुर्सी पर ठीक ढंग से बैठना चाहिए। कभी भी पैर के ऊपर पैर चढ़ाकर नहीं बैठना चाहिए। इसके अलावा यदि आप ऑफिस में या वर्क फ्रॉम होम कर रहे हैं, तो काम करते समय इस्तेमाल की जाने वाली कुर्सी का हिस्सा सिर से ऊपर रखने से काम करने में आसानी होती है।
टेबल पर बांस का पौधा या ठोस क्रिस्टल रखें
अपने कार्य क्षमता में वृद्धि करने के लिए वास्तु के हिसाब से आप टेबल पर भी बदलाव कर सकते हैं। आप जिस टेबल पर काम कर रहे हो, उस टेबल पर बांस का पौधा या ठोस क्रिस्टल रखने से काम करने की क्षमता में बढ़ोतरी हो सकती है।
दिशा का रखें ध्यान
वास्तु शास्त्र के मान्यताओं के अनुसार, इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को दक्षिण-पूर्व दिशा में रखना लाभदायक हो सकता है। इसलिए ऑफिस में अपने कंप्यूटर या लैपटॉप को दक्षिण-पूर्व दिशा की और रख सकते हैं। इसके अलावा इनका प्लग ऐसी जगह पर लगाएं कि वे किसी को भी न दिखें।
सही टेबल का करें चुनाव
अगर आप घर से ऑफिस का काम या वर्क फ्रॉम होम करते हैं, तो सही चेयर टेबल का चुनाव करें। वास्तु शास्त्र के मुताबिक आप वर्क करने के लिए चेयर के साथ में छोटी वर्गाकार या आयताकार टेबल इस्तेमाल कर सकते हैं। इसे शुभ माना जाता है।
सोने की जगह में करें बदलाव
अगर आपके करियर में तरक्की नहीं हो रही है और आप उससे परेशान हैं, तो अपने सोने की दिशा को बदलकर देखिए, सोने की दिशा का गलत होना भी करियर में तरक्की का न होना भी एक वजह हो सकती है। वास्तु शास्त्र की मान्यताओं के अनुसार सिर को हमेशा सोते समय पूर्व दिशा में रखकर सोएं। इस तरह सोने से मन शांत रहता है और काम में भी मन लगता है।
(डिस्क्लेमर : यह पाठ्य सामग्री आम धारणाओं और इंटरनेट पर मौजूद सामग्री के आधार पर लिखी गई है। टाइम्स नाउ नवभारत इसकी पुष्टि नहीं करता है।)
