Mahalakshmi Vrat 2023 Mantra: हर साल भादव महीने की शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि से महालक्ष्मी व्रत आरंभ होता है। इस व्रत का समापन श्विन माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को होता है। इस साल ये व्रत 22 सितंबर 2023 यानि की आज से शुरू हो रहा है। इय बार ये व्रत 6 अक्टूबर को समाप्त होगा। ऐसी मान्यता है कि इस व्रत को करने से साधक सुख, समद्धि और सुख की प्राप्ति होती है। लक्ष्मी जी की उपासना विधिपूर्वक करने से धन का लाभ प्राप्त होता है। शुक्रवार का दिन शास्त्रों में देवी लक्ष्मी का दिन मना गया है। इस दिन माता लक्ष्मी की पूजा करने से सभी प्रकार के संकटों से मुक्ति मिलती है और भंडार सदैव भरे रहते हैं। आइए जानते हैं महालक्ष्मी व्रत का दौरान पूजा के समय किन मंत्रों का जाप करने शुभ फल की प्राप्ति होगी।
Mahalakshmi Vrat 2023 Mantra
इन खास मंत्रों का करें जाप ( Mahalakshmi Vrat 2023 Mantra)
ॐ ऐं श्रीं महालक्ष्म्यै कमल धारिण्यै गरूड़ वाहिन्यै श्रीं ऐं नमः
ॐ श्रीं ह्रीं क्लीं श्री सिद्ध लक्ष्म्यै नम:
धनाय नमो नम:
ॐ धनाय नम:
ऊं ह्रीं त्रिं हुं फट
ॐ श्रीं ह्रीं क्लीं श्री सिद्ध लक्ष्म्यै नम:
पद्मानने पद्म पद्माक्ष्मी पद्म संभवे तन्मे भजसि पद्माक्षि येन सौख्यं लभाम्यहम्
ॐ श्रीं ह्रीं क्लीं ऐं सौं ॐ ह्रीं क ए ई ल ह्रीं ह स क ह ल ह्रीं सकल ह्रीं सौं ऐं क्लीं ह्रीं श्री ॐ।
ॐ सर्वाबाधा विनिर्मुक्तो, धन धान्यः सुतान्वितः। मनुष्यो मत्प्रसादेन भविष्यति न संशयः ॐ ।।
॥ ॐ नमो ह्रीं श्रीं क्रीं श्रीं क्लीं क्लीं श्रीं लक्ष्मी मम गृहे धनं देही चिन्तां दूरं करोति स्वाहा ॥
इन खास मंत्रों के जाप से आप महालक्ष्मी व्रत के दिन देवी लक्ष्मी को मना सकते हैं। ये माता के प्रिय मंत्र हैं। इन मंत्रों के जाप से साधक को सौभाग्य, धन और ऐश्वर्य की प्राप्ति होती है।
