Hanuman Jayanti Shlok In Sanskrit (हनुमान जी के श्लोक): हनुमान जयंती के शुभ अवसर पर भगवान हनुमान के मंत्रों और श्लोकों का जाप करना अत्यंत शुभ माना जाता है। खासतौर से इस शुभ दिन पर बजरंगबली के श्लोकों का पाठ करने से भक्तों को सफलता, सुरक्षा और सकारात्मकता की प्राप्ति होती है। भगवान हनुमान को अपना आदर्श मानने वाले भक्त इस दिन उनके श्लोकों का पाठ जरूर करते हैं। ये श्लोक जीवन में आगे बढ़ने में सहायक सिद्ध होते हैं। यहां देखिए भगवान हनुमान के प्रसिद्ध श्लोक।
Hanuman Jayanti Shlok And Dohe
Hanuman Jayanti Shlok In Sanskrit (हनुमान जयंती श्लोक मंत्र)
-अतुलितबलधामं हेमशैलाभदेहं दनुजवनकृशानुं ज्ञानिनामग्रगण्यम्।
सकलगुणनिधानं वानराणामधीशं रघुपतिप्रियभक्तं वातजातं नमामि।
ॐ हं हनुमते नमः।।
-बुद्धिर्बलं यशो धैर्यं निर्भयत्वमरोगता।
अजाड्यं वाक्पटुत्वं च हनुमत्स्मरणाद्भवेत्।।
-ॐ आञ्जनेयाय विद्महे
वायुपुत्राय धीमहि।
तन्नो हनुमत् प्रचोदयात्।।
-मनोजवं मारुततुल्यवेगं जितेन्द्रियं बुद्धिमतां वरिष्ठं।
वातात्मजं वानरयूथमुख्यं श्रीरामदूतं शरणं प्रपद्ये।।
-लाल देह लालीलसे, अरुधरिलाल लँगूर।
बज्र देह दानव दलण, जय जय जय कपिसूर।।
-श्री गुरु चरण सरोज रज, निज मन मुकुरु सुधारि।
बरनऊँ रघुवर बिमल जसु, जो दायक फल चारि।।
-बुद्धिहीन तनु जानिके, सुमिरो पवन कुमार।
बल बुद्धि विद्या देहु मोहिं, हरहु कलेश विकार।
-पवन तनय संकट हरन, मंगल मूरति रुप।
राम लखन सीता सहित, हृदय बसहु सुरभूप।।
-कंचन बरन बिराज सुबेसा, कानन कुण्डल कुंचित केसा।।
-शंकर सुवन केसरी नंदन, तेज प्रताप महा जग वंदन।।
-प्रभु चरित्र सुनिबे को रसिया, राम लखन सीता मन बसिया।।
