Nisha Madhulika Kala Jamun Recipe: जन्माष्टमी पर कान्हा के लिए माखन-मिश्री, धनिया पंजीरी और कई तरह की मिठाइयां बनाई जाती हैं। लेकिन अगर इस बार आप भोग की थाली में कुछ ऐसा रखना चाहते हैं, तो काला जामुन अच्छा विकल्प हो सकता है। गुलाब जामुन जैसा दिखने वाला काला जामुन रंग और स्वाद दोनों में थोड़ा ज्यादा गहरा और खास होता है। ऊपर से इसे देखकर कोई इसे गुलाब जामुन समझ सकता है, लेकिन एक बार काटने पर अंदर की मेवे वाली भरावन इसका स्वाद बदल देती है।
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मशहूर फूड युट्युबर निशा मधुलिका ने काला जामुन बनाने की एक आसान विधि साझा की है। उनकी बताई रेसिपी में पनीर, मावा और थोड़ी सूजी से नरम मिश्रण तैयार किया जाता है। इसमें मेवों की भरावन रखकर गोलियां बनाई जाती हैं और फिर उन्हें घी में गहरा सुनहरा-भूरा होने तक तला जाता है। इसके बाद चाशनी में भिगोने पर मिठाई तैयार हो जाती है।
सबसे पहले तैयार करें मिश्रण
काला जामुन बनाने की शुरुआत पनीर से करें। पनीर को अच्छी तरह मैश करके उसमें थोड़ी सूजी और बेकिंग पाउडर मिलाएं। अब इसमें मावा डालकर सबको अच्छी तरह मिलाते हुए नरम मिश्रण तैयार करें। इसके बाद थोड़ा-सा मैदा डालकर इसे अच्छे से गूंथ लें। ध्यान रखें कि मिश्रण बहुत सख्त न हो। जितना नरम मिश्रण होगा, गोलियां बनाना उतना आसान रहेगा।
चाशनी बनाना न भूलें
अब मिठाई के लिए चाशनी तैयार करें। इसके लिए 1 किलो चीनी और आधा लीटर पानी लें और इसे पकने दें। जब चाशनी हल्की चिपचिपी हो जाए, तो इसे तैयार मान सकते हैं। चाशनी बहुत ज्यादा गाढ़ी करने की जरूरत नहीं है, क्योंकि काला जामुन को इसमें अच्छी तरह डूबकर स्वाद सोखना है।
अंदर की भरावन देगी स्वाद
काला जामुन की खासियत इसकी स्टफिंग भी है। इसके लिए चिरौंजी, काजू, बादाम, इलायची पाउडर और थोड़ी चीनी को मिला लें।
ऐसे बनाएं गोलियां
अब मुख्य आटे या मिश्रण की छोटी-छोटी लोइयां तोड़ें। एक लोई को हथेली पर हल्का चपटा करें और बीच में थोड़ी-सी मेवे वाली भरावन रखें।
इसके बाद किनारों को धीरे-धीरे ऊपर लाकर भरावन को पूरी तरह बंद कर दें और इसे गोल आकार दें। कोशिश करें कि कहीं से मिश्रण खुला न रह जाए।
आएगा रंग
एक कड़ाही में घी गर्म करें और तैयार गोलियों को डाल दें। इन्हें लगातार हल्के हाथ से चलाते हुए तलें, ताकि रंग एक जैसा आए और वे किसी एक जगह से ज्यादा न सिकें।
काला जामुन को सामान्य गुलाब जामुन से थोड़ा ज्यादा गहरा रखना है। जब बाहर से इसका रंग गहरा भूरा हो जाए, तो इन्हें घी से निकाल लें।
चाशनी में डुबोकर रखें
अब गरम या हल्के गर्म काला जामुन को तैयार चाशनी में डाल दें। इन्हें करीब 2 घंटे चाशनी में रहने दें, ताकि मिठास अंदर तक अच्छी तरह पहुंच सके।
इसके बाद आपकी खास मिठाई तैयार है। जन्माष्टमी पर इसे छोटे कटोरे में सजाकर कान्हा को भोग में अर्पित कर सकती हैं और परिवार के साथ भी परोस सकती हैं।
काला जामुन की सबसे अच्छी बात यही है कि यह दिखने में जाना-पहचाना है, लेकिन एक बार खाने पर इसका अंदर का मेवेदार स्वाद इसे साधारण गुलाब जामुन से थोड़ा अलग एहसास देता है।
