राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने भारत के 79वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर सशस्त्र बलों और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों के कर्मियों की बहादुरी और समर्पण को सम्मानित करते हुए 127 वीरता पुरस्कार, 40 उत्कृष्ट सेवा पुरस्कार और 290 मेंशन-इन-डिस्पैच को मंजूरी दी। इस स्वतंत्रता दिवस पर ऑपरेशन सिंदूर और अन्य अभियानों में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका के लिए तीन अग्निवीरों को वीरता पदक से सम्मानित किया गया। इनमें से दो को सेना वीरता पदक और एक को डिस्पैच में उल्लेखित पदक मिला है। पाकिस्तान में आतंकी बुनियादी ढांचे और सैन्य प्रतिष्ठानों पर हमले में शामिल भारतीय वायुसेना के पायलटों के साथ-साथ एस-400 वायु रक्षा प्रणाली को संचालित करने वाले उन पायलटों को भी यह प्रतिष्ठित पुरस्कार प्रदान किया गया, जिन्होंने सात से 10 मई के बीच दोनों देशों के बीच संघर्ष के दौरान महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।
तीन अग्निवीरों को वीरता पदक से सम्मानित किया गया (प्रतीकात्मक फोटो- PTI)
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सर्वोत्तम युद्ध सेवा पदक
वायु सेना उप प्रमुख एयर मार्शल नर्मदेश्वर तिवारी, वायु सेना उप प्रमुख एयर मार्शल अवधेश कुमार भारती, भारतीय सेना के डीजीएमओ लेफ्टिनेंट जनरल राजीव घई और उत्तरी सेना के कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल प्रतीक शर्मा उन शीर्ष सैन्य अधिकारियों में शामिल हैं जिन्हें सर्वोत्तम युद्ध सेवा पदक से सम्मानित किया जायेगा। दक्षिण पश्चिमी वायु कमान और पश्चिमी वायु कमान का नेतृत्व कर रहे क्रमशः एयर मार्शल नागेश कपूर और एयर मार्शल जितेन्द्र मिश्रा को भी सर्वोत्तम युद्ध सेवा पदक प्रदान किया जायेगा। वाइस एडमिरल संजय जसजीत सिंह, जिन्होंने पश्चिमी नौसेना कमान के ‘फ्लैग ऑफिसर कमांडिंग इन चीफ’ के रूप में पहलगाम हमले के बाद नौसेना के संसाधनों की तैनाती में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी, को भी सर्वोत्तम युद्ध सेवा पदक के लिए नामित किया गया है।
उत्तम युद्ध सेवा पदक
नौसेना के उप प्रमुख वाइस एडमिरल तरुण सोबती, जिन्होंने पहलगाम हमले के बाद नौसेना की तैनाती रणनीति को अंतिम रूप देने में प्रमुख भूमिका निभाई थी, को उत्तम युद्ध सेवा पदक से सम्मानित किया जायेगा।
राष्ट्रपति ने की सम्मान की घोषणा
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर सशस्त्र बलों और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों के कर्मियों के लिए 127 वीरता पुरस्कार और 40 विशिष्ट सेवा पुरस्कारों को मंजूरी दी। इनमें चार कीर्ति चक्र, 15 वीर चक्र, 16 शौर्य चक्र, दो ‘बार टू सेना’ पदक (वीरता), 58 सेना पदक (वीरता), छह नौसेना पदक (वीरता) और 26 वायु सेना पदक (वीरता) शामिल हैं। पुरस्कारों में सात सर्वोत्तम युद्ध सेवा पदक, नौ उत्तम युद्ध सेवा पदक और 24 युद्ध सेवा पदक भी शामिल हैं। राष्ट्रपति ने 290 ‘मेंशन-इन-डिस्पैच’ को भी मंजूरी दी है, जिनमें से 115 भारतीय सेना से, पांच भारतीय नौसेना से और 167 भारतीय वायु सेना से हैं। ‘मेंशन-इन-डिस्पैच’ एक सम्मान है जो भारतीय सशस्त्र बलों के कर्मियों को दिया जाता है, विशेष रूप से उन लोगों को जिन्होंने विशिष्ट वीरता या सराहनीय सेवा का प्रदर्शन किया है।
