When Narendra Modi Told About Surgical Strike:कुछ साल पहले लंदन के वेस्टमिंस्टर के सेंट्रल हाल में हुए कार्यक्रम ‘भारत की बात, सबके साथ’ में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बताया कि भारत शांतिप्रिय देश है लेकिन जब कोई पीछे से हमला करेगा तो भारत जरुर जवाब देगा। भारत का चरित्र अजेय और विजयी रहने का है। लेकिन किसी के हक को छीनना ये भारत का चरित्र नहीं है। लेकिन जब कोई आतंकवाद को उद्योग बनाकर रखा हो। मेरे देश के निर्दोष नागरिकों को मौत के घाट उतार दिया जाता हो। युद्ध लड़ने की ताकत नहीं हो पीठ पर वार करने के प्रयास हो, तो ये मोदी है। उसी भाषा में जवाब देना जानता है।
टेंट में सोए हुए हमारे जवानों को मौत के घाट उतार दिया। तो क्या उनको ईंट का जवाब पत्थर से नहीं देना चाहिए। इसलिए सर्जिकल स्ट्राइक किया। मुझे अपने जवानों पर गर्व है। जो योजना बनी थी, उसमें जरा सी भी गलती किए बिना उसे लागू किया। और सूर्योदय होने तक स्ट्राइक कर वापस आ गए।
क्यों हुई थी सर्जिकल स्ट्राइक
असल में 18 सितंबर 2016 को पाकिस्तान से आए आतंकियों ने जम्मू-कश्मीर के उरी सेक्टर में भारतीय सेना के शिविर पर हमला किया था। इस घातक हमले में 18 जवान शहीद हो गए थे। पूरे देश में आक्रोश था। तब पीएम मोदी ने कहा था कि हमलावर बेखौफ नहीं जाएंगे और उन्हें माफ नहीं किया जाएगा। और इसके बाद 28 सितंबर 2016 को जब पूरा देश सो रहा था, लेकिन भारतीय सैनिकों ने पाकिस्तान की सीमा के अंदर घुस कर आतंकी कैंपों को खत्म करने के लिए सफल सर्जिकल स्ट्राइक कर उरी का बदला लिया था।
