पश्चिम बंगाल में टीएमसी को मात देने की तैयारी में कांग्रेस जुटी दिख रही है। बंगाल में ममता बनर्जी का मुख्य वोट बैंक मुस्लिम समाज है, कांग्रेस की नजर अब उसी वोट बैंक पर है। यही कारण है कि कांग्रेस ने पश्चिम बंगाल के पीरजादा खोबैब अमीन को अपनी पार्टी में शामिल करा लिया है।
पश्चिम बंगाल के पीरजादा खोबैब अमीन कांग्रेस में शामिल
बंगाल में मुस्लिम समुदाय पर प्रभाव
पश्चिम बंगाल के बसीरहाट और कई अन्य क्षेत्रों में प्रभाव रखने वाले पीरजादा खोबैब अमीन शनिवार को कांग्रेस में शामिल हो गए। राज्य के कई इलाकों के मुस्लिम समुदाय पर अमीन के परिवार का असर माना जाता है। उन्होंने कांग्रेस के मीडिया विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा, पश्चिम बंगाल प्रभारी गुलाम अहमद मीर और प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष शुभांकर सरकार की मौजूदगी में पार्टी की सदस्यता ग्रहण की।
बंगाल के साथ-साथ ओडिशा और त्रिपुरा में भी प्रभाव
खेड़ा ने पार्टी में उनका स्वागत करते हुए कहा, "पीरजादा अमीन जी पश्चिम बंगाल के मशहूर परिवार से हैं। इनके परिवार का प्रभाव पश्चिम बंगाल के साथ ओडिशा, त्रिपुरा में भी है और मुस्लिम पुनर्जागरण में इनके परिवार ने महत्वपूर्ण भूमिका अदा की है। पीरजादा जी का परिवार समाज में सौहार्द और शांति बनाए रखने की मिसाल है। इनके परदादा का रिश्ता कांग्रेस पार्टी से रहा है और वे लोग आजादी के आंदोलन में भी जुड़े रहे थे। हम खुशकिस्मत हैं कि राजनीति में आने के निर्णय में पीरजादा जी ने कांग्रेस पार्टी को चुना। हम इनका कांग्रेस पार्टी में स्वागत करते हैं।"
अगले साल बंगाल में होने हैं विधानसभा चुनाव
पश्चिम बंगाल में अगले साल अप्रैल-मई में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। पिछले विधानसभा चुनाव में कोविड की लहर थी और कांग्रेस मजबूती से चुनाव नहीं लड़ी थी, लोकसभा चुनाव में एक ही एलायंस में होने के बाद भी बंगाल में कांग्रेस और टीएमसी अलग-अलग चुनाव लड़ी थी। चुनाव के बाद से कांग्रेस और टीएमसी के रिश्ते में खटास रही है और कांग्रेस अब ममता बनर्जी को उन्हीं के स्टाइल में मात देने की तैयारी करती दिख रही है।
