Bihar Politics: बिहार में एनडीए गठबंधन में सीट बंटवारे के बाद टूट पड़ गई है। लोकसभा चुनाव के लिए एक भी सीट न दिए जाने से नाराज पशुपति पारस ने आज मोदी कैबिनेट से इस्तीफा दे दिया है। इसके साथ ही उन्होंने हाजीपुर से चुनाव लड़ने का ऐलान कर दिया है। पुशपति पारस ने प्रेस कांफ्रेंस करके कहा है कि मैंने अपना काम ईमानदारी से किया, लेकिन मेरे साथ नाइंसाफी हुई है। उन्होंने कहा है कि पार्टी की अगली रणनीति क्या होगी, इस पर जल्द ही फैसला लिया जाएगा।
पशुपति पारस
बता दें, एनडीएम में लोकसभा चुनाव के लिए उनकी पार्टी राष्ट्रीय लोक जनशक्ति पार्टी को एक भी सीट नहीं मिली है। इससे पशुपति पारस नाराज बताए जा रहे थे। कल हुए सीट बंटवारे के बाद पशुपति पारस ने अपने सरकारी आवास पर पार्टी के नेताओं के साथ बैठक की थी। सूत्रों के मुताबिक, बैठक में एनडीए गठबंधन से अलग होने पर सहमति बनी। साथ ही पशुपति पारस ने कहा कि जब बीजेपी ने उनकी पार्टी का सम्मान नहीं किया है तो उनकी पार्टी लोकसभा चुनाव लड़ने के लिए पूरी तरह से स्वतंत्र है।
इंडिया गठबंधन में हो सकते हैं शामिल
सूत्रों के मुताबिक, एनडीए में एक भी सीट नहीं मिलने के बाद पशुपति पारस और उनकी पार्टी ने इंडिया गठबंधन से संपर्क साधा है। इंडिया गठबंधन की ओर से पशुपति पारस को बढ़िया ऑफर भी मिला है। माना जा रहा है कि आज वह एनडीए से अलग होने और केंद्रीय मंत्री पद से इस्तीफे का ऐलान कर सकते हैं। इसके बाद इंडिया गठबंधन से हाजीपुर, समस्तीपुर, खगड़िया, वैशाली और नवादा लोकसभा सीट से अपने प्रत्याशी उतार सकते हैं। बता दें, बीजेपी ने पशुपति पारस को राज्यपाल पद ऑफर किया था।
बीजेपी 17 तो जदूय 16 सीट पर लड़ेगी चुनाव
एनडीए गठबंधन के तहत जो सीट शेयरिंग का फार्मूला तय हुआ है, उसके मुताबिक, भारतीय जनता पार्टी (BJP) आगामी लोकसभा चुनाव में बिहार की 17 सीट, जनता दल (यूनाइटेड) 16 सीट और चिराग पासवान के नेतृत्व वाली लोक जनशक्ति पार्टी (लोजपा) पांच सीट पर चुनाव लड़ेगी। इसके अलावा जीतन राम मांझी के नेतृत्व वाले हिन्दुस्तानी अवाम मोर्चा (हम) और पूर्व केंद्रीय मंत्री उपेन्द्र कुशवाहा के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय लोक मोर्चा को एक-एक सीट दी गई है।
