One Nation One Election: देश वन नेशन वन इलेक्शन के पक्ष में दिख रहा है। एक देश एक चुनाव को लेकर पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद की अध्यक्षता में बनाई गई समिति को देशभर कई सुझाव मिले हैं। इस सुझावों में ज्यादातर सुझाव एक देश एक चुनाव के पक्ष में दिख रहे हैं।
एक देश एक चुनाव मामले पर पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद की अध्यक्षता में बनी है कमेटी
ये भी पढ़ें- One Nation One Election: हर 15 साल में नई EVM पर खर्च होंगे 10 हजार करोड़! एक मशीन से सिर्फ 3 चुनाव
82 प्रतिशत लोग वन नेशन वन इलेक्शन के पक्ष में
एक राष्ट्र-एक चुनाव को लेकर पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद की अध्यक्षता वाली समिति को जनता से 21,000 सुझाव मिले हैं। जिनमें से 81 प्रतिशत लोगों ने देश में लोकसभा और विधानसभाओं के चुनाव एक साथ कराने के विचार पर सहमति जताई है। एक आधिकारिक बयान में यह जानकारी सामने आई है।
विपक्ष का विरोध
बयान में बताया गया कि 46 राजनीतिक दलों से भी सुझाव मांगे गए थे। जिसमें अब तक 17 राजनीतिक दलों के सुझाव मिले हैं। कांग्रेस और तृणमूल कांग्रेस समेत विभिन्न विपक्षी दलों ने एक साथ चुनाव कराने के विचार का विरोध किया है।
27 जनवरी को अगली बैठक
पिछले साल सितंबर में गठित कोविंद के नेतृत्व वाली समिति ने रविवार को अपनी तीसरी बैठक की। समिति ने अपनी बैठक के बाद कहा कि कुल 20,972 प्रतिक्रियाएं प्राप्त हुईं, जिनमें से 81 प्रतिशत लोगों ने एक साथ चुनाव के विचार पर सहमति जताई। बयान में कहा गया कि समिति की अगली बैठक 27 जनवरी को होगी।
