कांग्रेस ने सोमवार को हरियाणा में संगठन और विधानसभा दल के शीर्ष नेतृत्व में बड़े बदलाव किए। पार्टी ने राव नरेंद्र सिंह को हरियाणा इकाई का नया अध्यक्ष नियुक्त किया और पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा को विधायक दल का नेता नियुक्त किया। कांग्रेस के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल की ओर से जारी विज्ञप्ति में कहा गया कि ये नियुक्तियां पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की मंजूरी के बाद की गई हैं।
राव नरेंद्र सिंह हरियाणा कांग्रेस के अध्यक्ष और हुड्डा विधायक दल के नेता नियुक्त (फोटो- singhraonarender)
कांग्रेस में बड़े बदलाव
- राव नरेंद्र सिंह ने पूर्व अध्यक्ष उदय भान का स्थान लिया है। वह तीन बार विधायक रह चुके हैं और हरियाणा सरकार में मंत्री के रूप में भी कार्य कर चुके हैं।
- भूपेंद्र हुड्डा, जो पिछली विधानसभा में भी नेता प्रतिपक्ष रहे थे, अब विधायक दल के नेता के रूप में राज्य विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष की भूमिका निभाएंगे।
- हरियाणा की राजनीति में दिग्गज जाट नेता की हैसियत रखने वाले हुड्डा दो बार मुख्यमंत्री, चार बार नेता प्रतिपक्ष, चार बार सांसद और छह बार विधायक रहे हैं। वह पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष भी रह चुके हैं।
- हरियाणा में करीब दो दशक बाद किसी गैर-दलित नेता को प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई। इससे पहले भजन लाल वैसे प्रदेश अध्यक्ष थे, जो गैर-दलित थे। उन्हें 2006 में इस भूमिका से मुक्त कर दिया गया था।
- भजन लाल के बाद फूलचंद मुलाना, अशोक तंवर, कुमारी सैलजा और उदय भान अध्यक्ष रहे, जो सभी दलित हैं।
विधानसभा में हार के एक साल बाद नियुक्तियां
विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की हार के करीब एक साल बाद ये नियुक्तियां की गई हैं। पिछले साल अक्टूबर में हुए विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी 90-सदस्यीय विधानसभा में 48 सीट के साथ लगातार तीसरी बार सरकार बनाने में सफल रही तो कांग्रेस को 37 सीट मिलीं। कांग्रेस ने इन नियुक्तियों के माध्यम से जाट और ओबीसी गठजोड़ को भी लक्ष्य बनाया है।
