केरल पुलिस ने एक मामले के सिलसिले में रविवार (पांच मार्च, 2023) को कोझिकोड में मलयालम समाचार चैनल ‘एशियानेट न्यूज’ के ऑफिस की तलाशी ली। चैनल के कोझिकोड दफ्तर की जिस टीम ने तलाशी की, उसकी अगुवाई कर रहे सीनियर पुलिस अफसर ने बाद में पत्रकारों को बताया कि जांच के तहत यह ‘तलाशी’ की गई। हालांकि, कोई दस्तावेज नहीं लिया गया। पुलिस तलाशी के बाद ‘एशियानेट न्यूज’ ने ट्वीट किया, ‘‘एसएफआई की अराजकता के कुछ दिन बाद, पुलिस ने एशियानेट के कोझिकोड कार्यालय में तलाशी ली। उसके बाद भी, एशियानेट अपने ध्येय वाक्य: सीधा। निडर। बिना थके खबरें देता रहेगा।’’
एशियानेट न्यूज चैनल के दफ्तर में पूछताछ करते पुलिस वाले। (फोटो सोर्सः @AsianetNewsEN)
इस तलाशी की प्रदेश में कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने निंदा की है और इसे ‘असहिष्णुता का प्रतीक’ और ‘फासीवादी सोच’ करार दिया। कांग्रेस नेता वी डी सतीशन ने कहा कि पुलिस कार्रवाई ‘विरोध, आलोचना या सत्ता में बैठे लोगों से प्रश्न पूछने के खिलाफ असहिष्णुता का संकेत है’ और यह राज्य में बढ़ रहा है। प्रदेश भाजपा अध्यक्ष के सुरेंद्रन ने कहा कि एशियानेट कार्यालय की तलाशी मीडिया के प्रति राज्य सरकार की ‘फासीवाद सोच का उदाहरण’ है।
वहीं, भाजपा प्रवक्ता अनिल बलूनी ने ट्वीट किया, ‘‘वामदलों की जिस धौंसपट्टी राजनीति को त्रिपुरा के मतदाताओं ने खारिज कर दिया, उसका केरल में पूर्ण प्रदर्शन किया जा रहा है। गंभीर भ्रष्टाचार के आरोपों से जूझ रहे मुख्यमंत्री अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता एवं फासीवादी आदि की बात करते हैं लेकिन केरल के मीडिया को धमकाने के लिए एसएफआई गुडों एवं पुलिस का इस्तेमाल करते हैं।’’ केरल श्रमजीवी पत्रकार संघ ने भी पुलिस कार्रवाई की निंदा की। वैसे, तलाशी से महज दो-तीन दिन पहले एसएफआई कार्यकर्ता इस चैनल के कोच्चि वाले दफ्तर में कथित रूप से घुस गये थे और उन्होंने कर्मचारियों को धमकी दी थी।
