Jharkhand Floor Test: झारखंड के सत्तारूढ़ गठबंधन (comprising JMM, Congress and the RJD)के विधायक सोमवार यानी 5 फरवरी होने वाले फ्लोर टेस्ट से पहले हैदराबाद से रांची लौट आए हैं, सत्तारूढ़ झारखंड मुक्ति मोर्चा के नेतृत्व वाले गठबंधन के कम से कम 37 विधायक झारखंड विधानसभा में सोमवार को होने वाले शक्ति परीक्षण (Jharkhand Floor Test) से पहले हैदराबाद से एक विशेष उड़ान से रांची लौट आए हैं।
विधायक होने वाले शक्ति परीक्षण से पहले हैदराबाद से एक विशेष उड़ान से रांची लौट आए
झारखंड मुक्ति मोर्चा के वरिष्ठ नेता चंपाई सोरेन के शुक्रवार को शपथ लेने के बाद ही सत्ता पक्ष के विधायकों को हैदराबाद भेज दिया गया था, खराब मौसम के कारण गुरुवार की रात में उन्हें हैदराबाद नहीं भेजा जा सका था।
कथित भूमि घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में प्रवर्तन निदेशालय द्वारा हेमंत सोरेन की गिरफ्तारी के बाद झामुमो और कांग्रेस के विधायक शुक्रवार से हैदराबाद के बाहरी इलाके शामिरेट में एक रिसॉर्ट में डेरा डाले हुए थे।
दो फरवरी को चार्टर्ड उड़ानों से हैदराबाद पहुंचे झारखंड के विधायक बिरसा मुंडा हवाई अड्डे पर उतरे और उन्हें दो बसों में शहर के सर्किट हाउस ले जाया गया। गठबंधन की आशंकाओं के बीच विधायकों को तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद में ले जाया गया था कि भारतीय जनता पार्टी विश्वास मत से पहले उन्हें poach करने का प्रयास कर सकती है।
सूत्रों ने बताया कि झारखंड के विधायकों को Poaching Efforts के प्रयासों से बचाने के लिए अलग भोजन व्यवस्था, कमरों की सुरक्षा के लिए पुलिसकर्मी और कई अन्य व्यवस्थाएं की गईं।
झारखंड के मुख्यमंत्री चंपई सोरेन ने अहम बैठक ली
इस बीच, झारखंड के मुख्यमंत्री चंपई सोरेन ( Champai Soren) ने विधानसभा में विश्वास मत से पहले राज्य में कानून व्यवस्था की स्थिति की समीक्षा की। खबरों के मुताबिक, चंपई सोरेन ने मुख्य सचिव एल खियांग्ते, डीजीपी अजय कुमार सिंह और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता की।
