Israel-Iran War: इजराइल में युद्ध का कैसा था मंजर? रिपोर्टर ने बताई भयावह हालातों की आंखों देखी; देखें वीडियो

Times Now के न्यूज एडिटर मयंक सिंह ने इजराइल-ईरान युद्ध के 21 दिनों के अपने आंखों देखे अनुभव साझा किए हैं, जहां हर मिनट सायरन और मिसाइलों का डर मौजूद था। युद्ध ने नागरिकों के मानसिक स्वास्थ्य और जीवन पर गहरा असर डाला है। ऐसे में इस लेटेस्ट वीडियो में युद्ध की भयावहता, सुरक्षा व्यवस्था और राजनीतिक हालात का विस्तार से वर्णन किया गया है।

इजराइल-ईरान युद्ध के हालातों से हर कोई वाकिफ है। इसी बीच, Times Now के न्यूज एडिटर मयंक सिंह ने इजराइल-ईरान युद्ध के मैदान से अपने 21 दिनों के आंखों देखे अनुभव साझा किए हैं। मयंक सिंह बताते हैं कि वहां का माहौल बेहद डरावना था, जहां हर मिनट सायरन बजते थे और मिसाइलें गिरती थीं। मिसाइल गिरने पर खिड़कियां और पर्दे हिल जाते थे और कंक्रीट व मेटल के टुकड़े बुलेट की तरह इमारतों में धंस जाते थे। इजराइल में सायरन बजते ही लोगों के पास सुरक्षित स्थान या बंकर में भागने के लिए तेल अवीव में लगभग 90 सेकंड और हाइफा में 30 सेकंड का समय होता है। जो लोग समय पर नहीं भाग पाए, जैसे कि कुछ बुजुर्ग, उन्हें अपनी जान गंवानी पड़ी।

Israel-Iran War

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युद्ध का लोगों के मानसिक स्वास्थ्य पर गहरा असर पड़ा है। रिपोर्टर मयंक सिंह ने एक ऐसी महिला का जिक्र किया जो अपना घर तबाह होने पर जर्नलिस्ट द्वारा फोटो खींचे जाने पर बेहद नाराज हो गई थीं। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक के मन में यह डर बैठ गया है कि पता नहीं किस वक्त हमला हो जाए। इजराइल के लोग प्रधानमंत्री नेतन्याहू के कुछ फैसलों से नाराज हैं और शांति के लिए (No War Protest) प्रदर्शन भी कर रहे हैं, लेकिन देश की सुरक्षा के मामले में सभी एकजुट होकर साथ खड़े हैं।

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