IRCTC Hotel Corruption Case: राउज एवेन्यू कोर्ट ने बिहार की पूर्व CM राबड़ी देवी की ट्रांसफर एप्लीकेशन पर दलीलें सुनीं। इस दौरान उनकी तरफ से पेश सीनियर वकील ने कहा कि उन्हें केस की सुनवाई कर रही कोर्ट पर कोई भरोसा नहीं है। जिस तरह से कार्रवाई हुई, उससे ही भेदभाव दिखता है। वहीं, कोर्ट बाकी दलीलें मंगलवार को सुनेगा।
बता दें कि राबड़ी देवी ने पिछले महीने दिल्ली की एक अदालत में अर्जी देकर अपने और अपने परिवार के खिलाफ दर्ज कई केस को उस जज से ट्रांसफर करने की मांग की, जिसने IRCTC स्कैम केस में उनके खिलाफ आरोप तय किए थे।
क्या है मामला?
राउज एवेन्यू कोर्ट के प्रिंसिपल डिस्ट्रिक्ट और सेशंस जज की कोर्ट में दी गई अपनी अर्जी में देवी ने स्पेशल जज विशाल गोगने के सामने पेंडिंग चार केस ट्रांसफर करने की मांग की है। उन्होंने उन पर आरोप लगाया है कि वे एकतरफा हैं और पहले से सोचे-समझे मन से उनके और उनके परिवार के सदस्यों के खिलाफ ट्रायल चला रहे हैं।
याचिका में कहा गया है, 'ऊपर बताए गए सभी मामलों में कार्रवाई के दौरान, अलग-अलग मौकों पर स्पेशल जज का व्यवहार प्रॉसिक्यूशन और भेदभाव की तरफ बहुत ज्यादा झुका हुआ लगता है, जो केस की कार्रवाई/ऑर्डर के कई उदाहरणों से देखा जा सकता है, जिससे एप्लिकेंट के मन में भेदभाव का सही डर पैदा हुआ है और न्याय, इक्विटी और फेयर प्ले के हित में, मामलों को सही अधिकार क्षेत्र वाली किसी दूसरी कोर्ट में ट्रांसफर करने की जरूरत है।'
उससे पहले दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने मंगलवार को पूर्व रेल मंत्री लालू प्रसाद यादव और उनकी पत्नी राबड़ी देवी की उन याचिकाओं को खारिज कर दिया, जिसमें IRCTC होटल्स करप्शन केस में रोजाना की सुनवाई रोकने की मांग की गई थी। स्पेशल जज विशाल गोगने ने सुनवाई के बीच एक हफ्ते के गैप की उनकी रिक्वेस्ट को यह कहते हुए खारिज कर दिया कि यह याचिका 'मानने लायक, प्रैक्टिकल या सही नहीं है।'
