Earthquake Today in India 17 March: भारत में मंगलवार तो तड़के सुबह तीन बजे भूकंप का एक झटका लगा है। असम में आज भूकंप आया है। जिसकी तीव्रता 2.5 बताई गई है। असम में हाल के दिनों में कई बार भूकंप के झटके लग चुके हैं। आज असम के अलावा और कहीं भूकंप नहीं आया है। सोमवार रात को सिक्किम में भी भूकंप के झटके महसूस किए गए थे। हालांकि उसकी तीव्रता कम थी, जिसके कारण जानमाल के नुकसान की खबर नहीं है।
आज कहां-कहां आया भूकंप
भारत में 17 मार्च को भूकंप कहां आया? (Where Did Earthquakes Hit on March 17 In India)
| राज्य | भूकंप की तीव्रता | समय | गहराई | केंद्र/प्रभावित क्षेत्र |
| असम | 2.5 | 02:54:37 AM | 5 KM | सोनितपुर |
दुनिया में 17 मार्च को कहां भूकंप आया? (March 17 Tremors Worldwide)
| देश | भूकंप की तीव्रता | समय | गहराई | केंद्र/प्रभावित क्षेत्र |
| क्यूबा | 5.8 | 9:58 AM | 11 KM | गुआंतानामो प्रांत |
| इंडोनेशिया | 4.8 | 4:36 AM | 157 KM | बाबर द्वीपसमूह |
| रूस | 4.3 | 4:25 AM | 10 KM | कामचटका |
इंडोनेशिया में सबसे ज्यादा भूकंप क्यों आते हैं?
इंडोनेशिया में बार-बार और तीव्र भूकंप आने का प्रमुख कारण उसकी भौगोलिक स्थिति है। यह देश पृथ्वी के सबसे सक्रिय भूकंपीय क्षेत्र रिंग ऑफ फायर में स्थित है, जहां कई बड़ी टेक्टोनिक प्लेटें लगातार टकराती रहती हैं। यहां मुख्य रूप से इंडो-ऑस्ट्रेलियाई प्लेट, यूरेशियन प्लेट और प्रशांत प्लेट एक-दूसरे के नीचे धंसती (सबडक्शन) और खिसकती रहती हैं। जब ये प्लेटें एक-दूसरे के खिलाफ दबाव बनाती हैं, तो लंबे समय तक ऊर्जा जमा होती रहती है। जैसे ही यह ऊर्जा अचानक मुक्त होती है, भूकंप आता है। इंडोनेशिया के नीचे समुद्री क्षेत्र में यह प्रक्रिया अधिक सक्रिय है, इसलिए यहां समुद्र के अंदर भूकंप ज्यादा आते हैं, जो कई बार सुनामी का कारण बनते हैं। इसके अलावा, इंडोनेशिया में सैकड़ों सक्रिय ज्वालामुखी हैं, जो इस क्षेत्र की भूगर्भीय अस्थिरता को और बढ़ाते हैं। ज्वालामुखीय गतिविधियां भी छोटे-बड़े भूकंपों को जन्म देती हैं। यही वजह है कि इंडोनेशिया दुनिया के सबसे अधिक भूकंप और ज्वालामुखी गतिविधियों वाले देशों में शामिल है।
